One Nation One Subscription: वन नेशन वन सब्सक्रिप्शन योजना क्या है? जानें किसे मिलेगा इसका लाभ
Saurabh Pandey | November 27, 2024 | 10:01 AM IST | 2 mins read
सरकार ने कहा कि यह पहल सरकारी विश्वविद्यालयों, कॉलेजों, अनुसंधान संस्थानों और अनुसंधान एवं विकास प्रयोगशालाओं में अनुसंधान, विकास और इनोवेशन को बढ़ावा देने के लिए की गई है।
नई दिल्ली : केंद्रीय मंत्रिमंडल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में देश भर के कॉलेज, विश्वविद्यालय के छात्रों, शिक्षकों और शोधकर्ताओं को अंतरराष्ट्रीय शोध लेखों और जर्नल प्रकाशनों, पत्रिकाओं तक पहुंच प्रदान करने के लिए 'वन नेशनल वन सब्सक्रिप्शन' (ओएनओएस) योजना को मंजूरी दे दी है।
यह योजना सरल, यूजर फ्रेंडली और पूरी तरह से डिजिटल प्रक्रिया के माध्यम से लागू की जाएगी। यह सुविधा केंद्र सरकार के अधीन सरकारी उच्च शिक्षा संस्थानों और अनुसंधान एवं विकास प्रयोगशालाओं के लिए उपलब्ध होगी। इस योजना के लिए 3 कैलेंडर वर्षों, 2025, 2026 और 2027 के लिए 6,000 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं।
One Nation One Subscription: योजना के महत्वपूर्ण बिंदु
- यह पूरी तरह से डिजिटल प्रक्रिया होगी, और पत्रिकाओं तक पहुंच विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के एक स्वायत्त अंतर-विश्वविद्यालय केंद्र, सूचना और पुस्तकालय नेटवर्क (आईएनएफएलआईबीएनईटी) द्वारा समन्वित राष्ट्रीय सदस्यता के माध्यम से प्रदान की जाएगी।
- उच्च शिक्षा विभाग के पास एक एकीकृत पोर्टल, "वन नेशन वन सब्सक्रिप्शन" होगा, जिसके माध्यम से संस्थान पत्रिकाओं तक पहुंच सकेंगे।
- वन नेशन वन सब्सक्रिप्शन योजना में 30 प्रमुख अंतरराष्ट्रीय जर्नल प्रकाशकों को शामिल किया गया है।
- सब्सक्राइबर्स को उनके द्वारा प्रकाशित लगभग 13,000 ई-जर्नल्स तक पहुंच मिलेगी।
- केंद्र और राज्य सरकार द्वारा वित्त पोषित दोनों उच्च शिक्षा संस्थान वन नेशन वन सब्सक्रिप्शन के लिए पात्र होंगे।
- इसका लाभ केंद्रीय वित्त पोषित अनुसंधान और विकास संस्थानों तक भी बढ़ाया जाएगा।
- इस योजना के तहत 6,300 से अधिक एचईआई और केंद्र सरकार के अनुसंधान एवं विकास संस्थान शामिल होंगे।
- अनुसंधान नेशनल रिसर्च फाउंडेशन (एएनआरएफ) समय-समय पर उपयोगकर्ता संस्थानों के भारतीय लेखकों की सदस्यता और प्रकाशनों के उपयोग की समीक्षा करेगा। उच्च शिक्षा विभाग और अन्य मंत्रालय जिनके प्रबंधन के तहत एचईआई और आर एंड डी हैं, सदस्यता के बारे में छात्रों, शिक्षकों और शोधकर्ताओं के बीच अभियान चलाएंगे।
One Nation One Subscription: योजना से किसे मिलेगा लाभ
वन नेशन वन सब्सक्रिप्शन योजना से टियर 2 और टियर 3 शहरों सहित सभी विषयों के लगभग 1.8 करोड़ छात्रों, संकाय, शोधकर्ताओं और वैज्ञानिकों को लाभ होने की उम्मीद है।
Also read UPSSSC JA Exam 2024: यूपीएसएसएससी जूनियर असिस्टेंट नोटिफिकेशन जारी, 23 दिसंबर से करें आवेदन
यह योजना 1 जनवरी, 2025 से शुरू होगी। पत्रिकाओं तक पहुंच सूचना और पुस्तकालय नेटवर्क (INFLIBNET) द्वारा समन्वित एक राष्ट्रीय सदस्यता के माध्यम से प्रदान की जाएगी, जो विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) का एक स्वायत्त अंतर-विश्वविद्यालय केंद्र है।
अगली खबर
]CGPSC SSE 2024: छत्तीसगढ़ राज्य सेवा परीक्षा के लिए अधिसूचना जारी, 1 दिसंबर से psc.cg.gov.in पर करें आवेदन
छत्तीसगढ़ एसएसई परीक्षा कार्यक्रम के अनुसार, प्रारंभिक परीक्षा 9 फरवरी, 2025 को सुबह 10:00 बजे से दोपहर 12:00 बजे तक और दोपहर 3:00 बजे से शाम 5:00 बजे तक आयोजित की जाएगी।
Abhay Pratap Singh | 2 mins readविशेष समाचार
]- IIM Lucknow: आईआईएम लखनऊ ने फैमिली बिजनेस में एमबीए प्रोग्राम लॉन्च किया, पहला बैच जुलाई 2027 में, फीस जानें
- IRIS 2026: 27 क्षेत्रों के 54 स्कॉलर्स को मिला फैकल्टी रिसर्च अवार्ड; आईआईटी, एम्स, आईआईएम के शोधकर्ता शामिल
- IRIS 2026: इंडिया रिसर्च एंड इम्पैक्ट समिट 1 अक्टूबर को, नीति आयोग सदस्य समेत कई दिग्गज एजुकेटर्स होंगे शामिल
- UPSC Mains Marks: केंद्रीय सूचना आयोग ने यूपीएससी मेंस के अंकों का विवरण प्रकाशित करने की सिफारिश की
- JEE Advanced: जेईई-एडवांस्ड में 3 प्रयास की मांग तेज, 12,000 से अधिक अभ्यर्थियों ने मंत्रालय को दिया प्रतिवेदन
- NITI Aayog Report: स्कूलों में छठी कक्षा से ही रोजगारपरक कौशल पर हो ध्यान, नीति आयोग का सुझाव
- आजादी के 80वें साल में भी 'कागजी' दावों के बीच फंसी शिक्षा व्यवस्था; पेपर लीक व बजट की कमी से जूझ रहे छात्र
- Teacher Vacancy Crisis: बिहार में टीचर्स के 2.70 लाख+ पद खाली; झारखंड, एमपी समेत कई राज्यों में हजारों वैकेंसी
- NEET 2026 Paper Leak: नीट पेपर तैयार और अनुवाद का काम एक ही समूह के शिक्षकों को देने से हुई गड़बड़ी - सूत्र
- MCC NEET Counselling 2026: नीट काउंसलिंग शेड्यूल जल्द, जेपी नड्डा ने की समीक्षा, छात्र-केंद्रित कई बड़े सुधार