AIIMS INI CET Counselling 2026: एम्स आईएनआई सीईटी जनवरी 2026 काउंसलिंग के लिए पंजीकरण शुरू, शेड्यूल जांचें
Abhay Pratap Singh | December 6, 2025 | 04:53 PM IST | 2 mins read
एम्स आईएनआई सीईटी परीक्षा उत्तीर्ण करने वाले कुल 32,374 उम्मीदवार काउंसलिंग प्रक्रिया में भाग लेने के लिए पात्र होंगे।
Know your admission chances in INIs- AIIMS campuses ,JIPMER, NIMHANS, PGIMER and SCTIMST
Use Nowनई दिल्ली: अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS), नई दिल्ली ने आईएनआई सीईटी जनवरी 2026 काउंसलिंग के लिए 6 दिसंबर से पंजीकरण प्रक्रिया शुरू कर दी है। पात्र उम्मीदवार आधिकारिक वेबसाइट aiimsexams.ac.in पर जाकर अंतिम तिथि 9 दिसंबर तक आईएनआई सीईटी काउंसलिंग 2026 के लिए आवेदन कर सकते हैं।
आईएनआई सीईटी जनवरी 2026 काउंसलिंग रजिस्ट्रेशन के लिए उम्मीदवारों को रोल नंबर/ एनरोलमेंट नंबर और जन्म तिथि जैसे लॉगिन क्रेडेंशियल की आवश्यकता होगी। एम्स आईएनआई सीईटी परीक्षा उत्तीर्ण करने वाले कुल 32,374 उम्मीदवार काउंसलिंग प्रक्रिया में भाग लेने के लिए पात्र होंगे।
एम्स आईएनआई सीईटी काउंसलिंग के माध्यम से योग्य उम्मीदवारों को एमडी/ एमएस/ डीएम(6 वर्षीय)/ एमसीएच(6 वर्षीय)/ एमडीएस जैसे पीजी चिकित्सा पाठ्यक्रमों में प्रवेश दिया जाता है।
नोटिस के अनुसार, “ओबीसी और ईडब्ल्यूएस श्रेणियों से संबंधित उम्मीदवार जिन्होंने अनारक्षित (यूआर) की आईएनआई सीईटी कट-ऑफ रैंक से कम अंक प्राप्त किए हैं और वैध श्रेणी प्रमाण पत्र प्रस्तुत करने में विफल रहे हैं, उन्हें आईएनआई सीईटी जनवरी 2026 काउंसलिंग में भाग लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी।” अधिक जानकारी के लिए एम्स नई दिल्ली की आधिकारिक वेबसाइट पर विजिट कर सकते हैं।
AIIMS INI CET Counselling 2026 Registration: पंजीकरण करें
निम्नलिखित चरणों का पालन करके आईएनआई सीईटी काउंसलिंग 2026 के लिए पंजीकरण कर सकते हैं:
- आधिकारिक वेबसाइट aiimsexams.ac.in पर जाएं।
- आवश्यक क्रेडेंशिय की सहायता से लॉगिन करें।
- व्यक्तिगत, शैक्षणिक सहित अन्य विवरण दर्ज करें।
- सबमिट करें और प्रिंटआउट निकालकर रख लें।
INI CET January 2026 Counselling Schedule: काउंसलिंग शेड्यूल
एम्स आईएनआई सीईटी जनवरी 2026 काउंसलिंग राउंड 1, राउंड 2 और मॉक राउंड के लिए आयोजित की जाएगी। नीचे सारणी में कैंडिडेट आईएनआई सीईटी जनवरी 2026 काउंसलिंग शेड्यूल जांच सकते हैं:
|
ऑनलाइन सीट एलोकेशन के राउंड 1 का शेड्यूल (मॉक राउंड सहित)
|
|
|---|---|
|
मॉक राउंड के लिए चॉइस (इंस्टीट्यूट और सब्जेक्ट/स्पेशियलिटी) का चयन
|
6 से 9 दिसंबर, 2025 (शाम 5 बजे तक) |
|
पहले राउंड के मॉक के सीट अलॉटमेंट की घोषणा
|
11 दिसंबर, 2025 |
|
पहले राउंड के लिए चॉइस (इंस्टीट्यूट और सब्जेक्ट/स्पेशियलिटी)का चयन
|
12 से 13 दिसंबर, 2025 (शाम 5 बजे तक) |
|
पहले राउंड के सीट आवंटन की घोषणा
|
18 दिसंबर, 2025 |
|
आवंटित सीट की ऑनलाइन स्वीकृति
|
19 दिसंबर को सुबह 11.00 बजे से 24 दिसंबर, 2025 को शाम 05.00 बजे तक
|
|
रिपोर्टिंग और दस्तावेज़ जमा करना/सिक्योरिटी डिपॉज़िट
|
19 दिसंबर को सुबह 11.00 बजे से 24 दिसंबर, 2025 को शाम 05.00 बजे तक |
|
ऑनलाइन सीट एलोकेशन के राउंड 2 का शेड्यूल
|
|
|---|---|
|
दूसरे राउंड के सीट एलोकेशन की घोषणा
|
9 जनवरी, 2026 |
|
आवंटित सीट की ऑनलाइन स्वीकृति
|
10 जनवरी को सुबह 11.00 बजे से 15 जनवरी, 2026 को शाम 05.00 बजे तक
|
|
रिपोर्टिंग और दस्तावेज़ जमा करना/सिक्योरिटी डिपॉज़िट
|
10 जनवरी को सुबह 11.00 बजे से 15 जनवरी, 2026 को शाम 05.00 बजे तक
|
अगली खबर
]विशेष समाचार
]- संसदीय समिति ने नीट मामले पर एनटीए अधिकारियों से पूछे तीखे सवाल, एजेंसी बोली- ‘हमारे सिस्टम से नहीं हुआ लीक’
- बिहार में खुलेगा राष्ट्रीय कला विश्वविद्यालय, ‘भोजपुरी के शेक्सपियर’ भिखारी ठाकुर के नाम पर बनेगा म्यूजियम
- NEET Exam: नीट की कंप्यूटर आधारित परीक्षा से गड़बड़ियों पर लगेगी रोक, बोले पूर्व यूजीसी अध्यक्ष जगदीश कुमार
- JEE Main 2026 Session 2: जेईई मेन सेशन 2 के लिए परसेंटाइल, रॉ मार्क्स व नॉर्मलाइजेशन का सरल विश्लेषण जानें
- JEE Main 2026: एनआईटी भोपाल में बीटेक प्रवेश के लिए जेईई मेन में कितने अंक होने चाहिए; जानें कटऑफ, फीस, पैकेज
- JEE Main 2026 Cutoff for General Category: जेईई मेन 2026 के लिए सामान्य कैटेगरी की अपेक्षित कटऑफ जानें
- JEE Main 2026: एनआईटी पटना के लिए जेईई मेन में कितने मार्क्स चाहिए? जानें पात्रता, फीस, कटऑफ, औसत पैकेज
- JEE Main 2026: एनआईटी इलाहाबाद में प्रवेश के लिए जेईई मेन में कितने अंक चाहिए? पात्रता, फीस और कटऑफ जानें
- JEE Main 2026: एनआईटी दिल्ली के लिए जेईई मेन में कितने मार्क्स चाहिए? जानें पात्रता, फीस, कटऑफ, औसत पैकेज
- राजस्थान की शिक्षा व्यवस्था में बदलाव की तैयारी, ‘लाडू’, ‘रोटलो’ और ‘मोटो बापो’ जैसे स्थानीय शब्द होंगे शामिल