Press Trust of India | May 29, 2026 | 10:01 AM IST | 2 mins read
समिति शिक्षा मंत्रालय के उच्च शिक्षा विभाग के सचिव विनीत जोशी, एनटीए के महानिदेशक अभिषेक सिंह और केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) के निदेशक प्रवीण सूद के विचार सुनेगी।
Download the NEET Most Scoring Chapters and Topics PDF based on the past 5 years’ analysis. Focus on high-weightage topics and boost your NEET preparation.
Download EBook
नई दिल्ली: संसद की एक समिति ने केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय, राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) और सीबीआई के अधिकारियों को तलब किया है। यह कदम एनटीए द्वारा परीक्षाओं के संचालन के संबंध में दिये गए आश्वासनों के संबंध में उठाया गया है। राज्यसभा सचिवालय द्वारा 27 मई को जारी एक नोटिस के अनुसार, सरकारी आश्वासनों पर गठित समिति शिक्षा मंत्रालय के उच्च शिक्षा विभाग के सचिव विनीत जोशी, एनटीए के महानिदेशक अभिषेक सिंह और केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) के निदेशक प्रवीण सूद के विचार सुनेगी।
समिति की बैठक आज सुबह 11 बजे निर्धारित है। नोटिस में कहा गया है कि यह मामला राज्यसभा में 27 नवंबर 2024 को पूछे गए एक प्रश्न के उत्तर में ''एनटीए द्वारा परीक्षा के संचालन'' के संबंध में दिए गए आश्वासन से संबंधित है।
नवंबर 2024 में इस प्रश्न के लिखित उत्तर में एमओई ने कहा था कि एनटीए द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, परीक्षा की जिम्मेदारी ''भारत सरकार द्वारा जारी मौजूदा नियमों, आदेशों और दिशानिर्देशों के अनुसार'' एजेंसियों को दी जाती है।
मंत्रालय ने संसद में बताया कि वेंडर के खिलाफ मिलने वाली शिकायतों का निपटारा तय नियमों और शर्तों के अनुसार किया जाता है। अगर सेवा में कोई कमी पाई जाती है, तो भुगतान काटने से लेकर वेंडर पर प्रतिबंध लगाने तक की कार्रवाई की जाती है।
नीट प्रश्न पत्र लीक मामले पर मंत्रालय ने कहा था कि सीबीआई ''षड्यंत्र, धोखाधड़ी, विश्वासघात आदि सहित कथित अनियमितताओं की व्यापक जांच'' कर रही है और 22 नवंबर 2024 तक 45 आरोपियों के खिलाफ 5 आरोपपत्र दाखिल कर चुकी है।
नीट-यूजी परीक्षा इस वर्ष 3 मई को आयोजित की गई थी, लेकिन प्रश्न पत्र लीक के आरोपों के बीच एनटीए ने 12 मई को इसे रद्द कर दिया। सीबीआई इस मामले की जांच कर रही है और 21 जून को फिर से यह परीक्षा आयोजित की जा रही है।
समिति केंद्रीय स्वास्थ्य और परिवार कल्याण सचिव, एनएमसी अध्यक्ष और सीबीआई निदेशक के विचारों को सुनेगी। यह 29 जुलाई 2025 को राज्यसभा में पूछे गए ''मेडिकल कॉलेज घोटाले'' के प्रश्न के संबंध में दिए गए आश्वासन से संबंधित है।
स्वास्थ्य मंत्रालय ने जुलाई 2025 में राज्यसभा को बताया था कि सीबीआई ने फर्जी शिक्षकों, फर्जी निरीक्षणों और फर्जी रोगी रिकॉर्ड से संबंधित कथित अनियमितताओं के संबंध में प्राथमिकी दर्ज की। मंत्रालय ने कहा था कि सीबीआई जांच कर रही है।