UP Board Exam 2026: यूपी बोर्ड 10वीं, 12वीं की उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन करेंगे 1.40 लाख से ज्यादा शिक्षक
Saurabh Pandey | March 7, 2026 | 04:01 PM IST | 2 mins read
बोर्ड की तरफ से परीक्षकों के मानदेय में वृद्धि का कोई प्रस्ताव नहीं है, क्योंकि वर्ष 2019 और 2023 में पहले ही मानदेय बढ़ाया जा चुका है। मूल्यांकन कार्य में लगाए गए शिक्षकों को हाईस्कूल की एक कॉपी को जांचने के एवज में 14 रुपये और इंटर की कॉपी जांचने पर 15 रुपये मानदेय दिया जाएगा।
Explore the best courses after 10th across science, commerce, arts, and vocational streams. Find the right path based on your interests and build a strong career foundation.
Download Nowनई दिल्ली : उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद (यूपीएमएसपी) ने यूपी बोर्ड 10वीं, 12वीं की उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन को लेकर तैयारी तेज कर दी है। प्रदेश भर के 1.40 लाख से ज्यादा शिक्षक कॉपियों का मूल्यांकन करेंगे। यूपी बोर्ड हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षाएं 12 मार्च को समाप्त होगी।
बोर्ड की तरफ से मिली जानकारी के मुताबिक संकलन केंद्रों से मूल्यांकन केंद्रों तक उत्तर पुस्तिकाएं ट्रकों से भेजी जाएंगी। ट्रक के साथ ड्यूटी पर लगाए गए कर्मचारियों के लिए अलग से वाहन की व्यवस्था रहेगी। ट्रक में किसी भी कर्मचारी के बैठने की अनुमति नहीं होगी।
ऑनलाइन होगी परीक्षकों की नियुक्ति
उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन के लिए ऑनलाइन प्रक्रिया के जरिए परीक्षकों की नियुक्ति होगी। आवश्यकता पड़ने पर मूल्यांकन केंद्रों के उप नियंत्रक परिषद के पोर्टल पर उपलब्ध प्रतीक्षा सूची से भी परीक्षकों की ऑनलाइन नियुक्ति की जा सकेगी। परीक्षा केंद्रों के स्ट्रॉन्ग रूम की तरह ही कमांड एंड कंट्रोल सेंटर से मूल्यांकन केंद्रों की भी लगातार निगरानी की जाएगी।
कॉपियों के हर पेज पर न्यूमेरिक नंबर
उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद ने इस बार मूल्यांकन प्रक्रिया को और अधिक पारदर्शी किया है। पहली बार सभी विषयों की उत्तर पुस्तिकाओं के प्रत्येक पेज पर केंद्रवार गोपनीय न्यूमेरिक नंबर दर्ज किए गए हैं।
कॉपियों के मूल्यांकन की सीमा तय
परिषद के सचिव भगवती सिंह ने बताया कि मूल्यांकन अवधि में कला वर्ग का एक परीक्षक अधिकतम 800 कॉपियां जांच सकेगा। वहीं, विज्ञान वर्ग के इंटरमीडिएट में 600 और हाईस्कूल में 700 कॉपियां जांचने की सीमा तय की गई है।
कॉपियों के मूल्यांकन के लिए मानदेय
बोर्ड की तरफ से परीक्षकों के मानदेय में वृद्धि का कोई प्रस्ताव नहीं है, क्योंकि वर्ष 2019 और 2023 में पहले ही मानदेय बढ़ाया जा चुका है। बोर्ड के सचिव ने बताया कि मूल्यांकन कार्य में लगाए गए शिक्षकों को हाईस्कूल की एक कॉपी को जांचने के एवज में 14 रुपये और इंटर की कॉपी जांचने पर 15 रुपये मानदेय दिया जाएगा। एक परीक्षक 10वीं की रोजाना 50 और 12वीं की 45 कॉपियां जांच सकेगा।
अगली खबर
]विशेष समाचार
]- NEET 2026 Paper Leak: नीट पेपर तैयार और अनुवाद का काम एक ही समूह के शिक्षकों को देने से हुई गड़बड़ी - सूत्र
- MCC NEET Counselling 2026: नीट काउंसलिंग शेड्यूल जल्द, जेपी नड्डा ने की समीक्षा, छात्र-केंद्रित कई बड़े सुधार
- NEET Paper Leak: एक नहीं कई बार लीक हो चुका है नीट का पेपर; जानिए काला सच
- AISHE Reports: अखिल भारतीय उच्च शिक्षा सर्वेक्षण रिपोर्ट वर्ष 2022-23 और 2023-24 के लिए जारी
- UDISE Report: वर्ष 2023-24 और 2025-26 के बीच सरकारी स्कूलों में दाखिले में लगभग 86 लाख की कमी आई
- NEET Retest 2026: नीट रीटेस्ट कल, सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद; गाइडलाइंस जारी, एनटीए की आज देशभर में मॉक ड्रिल
- CBSE OSM Controversy: सीबीएसई चेयरमैन व सचिव का तबादला, केजरीवाल ने कहा- छात्रों के घावों पर नमक छिड़कने जैसा
- संसदीय समिति ने नीट मामले पर एनटीए अधिकारियों से पूछे तीखे सवाल, एजेंसी बोली- ‘हमारे सिस्टम से नहीं हुआ लीक’
- बिहार में खुलेगा राष्ट्रीय कला विश्वविद्यालय, ‘भोजपुरी के शेक्सपियर’ भिखारी ठाकुर के नाम पर बनेगा म्यूजियम
- NEET Exam: नीट की कंप्यूटर आधारित परीक्षा से गड़बड़ियों पर लगेगी रोक, बोले पूर्व यूजीसी अध्यक्ष जगदीश कुमार