नोएडा एयरपोर्ट के पास बालिका आवासीय विद्यालय को विमानन उत्कृष्टता केंद्र के रूप में किया जाएगा विकसित
Press Trust of India | July 26, 2026 | 06:32 PM IST | 2 mins read
अधिकारियों के अनुसार, ‘दून स्कूल’ इस विद्यालय को विश्वस्तरीय शिक्षण संस्थान के रूप में विकसित करने के लिए शैक्षणिक मार्गदर्शन और संस्थागत सहयोग प्रदान करेगा।
नई दिल्ली: नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के निकट जेवर में निर्माणाधीन 480 सीटों वाले सर्वोदय आवासीय बालिका विद्यालय में अप्रैल 2027 से शुरू होने वाले अगले शैक्षणिक सत्र से पढ़ाई शुरू होने की उम्मीद है। अधिकारियों ने बताया कि उत्तर प्रदेश सरकार ने हवाई अड्डे की निकटता को देखते हुए इस विद्यालय को विमानन क्षेत्र के लिए उत्कृष्टता केंद्र (सीओई) के रूप में विकसित करने का निर्णय लिया है, ताकि छात्राओं को विमानन क्षेत्र में करियर के लिए तैयार किया जा सके।
राज्य के समाज कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) असीम अरुण ने कहा, “हमारा उद्देश्य केवल प्रदेश की बेटियों को गुणवत्तापूर्ण और आधुनिक शिक्षा उपलब्ध कराना ही नहीं, बल्कि उन्हें विमानन जैसे उभरते क्षेत्रों में करियर के लिए तैयार करना भी है। सर्वोदय विद्यालय उनकी आकांक्षाओं को पंख देने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा।”
अधिकारियों के अनुसार, ‘दून स्कूल’ इस विद्यालय को विश्वस्तरीय शिक्षण संस्थान के रूप में विकसित करने के लिए शैक्षणिक मार्गदर्शन और संस्थागत सहयोग प्रदान करेगा। उन्होंने बताया कि दून स्कूल के अनुभवी शिक्षक और विशेषज्ञ नियमित रूप से विद्यालय परिसर का दौरा करेंगे तथा शिक्षण पद्धति, विद्यालय प्रशासन और सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों के संबंध में मार्गदर्शन देंगे।
बोर्डिंग स्कूल्स एसोसिएशन आफ इंडिया (BSAI) की मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) सपना सुकुल ने कहा कि इस सहयोग का उद्देश्य प्रत्येक बच्चे तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पहुंचाना है। उन्होंने उम्मीद जताई कि भविष्य में संगठन से जुड़े और अधिक बोर्डिंग स्कूल भी इस पहल से जुड़ेंगे। इस बीच, जेवर के विधायक धीरेंद्र सिंह ने लगभग 25 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से बनने वाले एक आधुनिक समेकित विद्यालय का शिलान्यास किया।
उन्होंने बताया कि उत्तर प्रदेश प्रोजेक्ट्स कार्पोरेशन लिमिटेड द्वारा यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (यीडा) की ओर से उपलब्ध कराई गई लगभग छह एकड़ भूमि पर इस विद्यालय का निर्माण किया जाएगा। विद्यालय में प्री-प्राइमरी से लेकर कक्षा 12 तक की शिक्षा की व्यवस्था होगी। इसमें स्मार्ट कक्षाएं, विज्ञान एवं कंप्यूटर प्रयोगशालाएं, पुस्तकालय तथा खेल सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
धीरेंद्र सिंह ने कहा, “सड़कें, हवाई अड्डे और उद्योग आर्थिक अवसर पैदा करते हैं, लेकिन विद्यालय मानव संसाधन तैयार करते हैं, जो राष्ट्र का भविष्य गढ़ते हैं।” उन्होंने कहा कि नया विद्यालय और हाल ही में शुरू हुआ राजकीय महिला महाविद्यालय, दोनों जेवर क्षेत्र में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के विस्तार के प्रति राज्य सरकार की प्रतिबद्धता दर्शाते हैं।
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