NEET UG 2026 Paper Leak: एनटीए को भंग करने की मांग, यूनाइटेड डॉक्टर्स फ्रंट पहुंचा सुप्रीम कोर्ट
Saurabh Pandey | May 17, 2026 | 12:27 PM IST | 3 mins read
यह याचिका ऐसे समय में आई है जब एनटीए ने पेपर लीक के आरोपों के बाद 3 मई 2026 को आयोजित हुई नीट-यूजी परीक्षा को रद्द कर दिया है और इस मामले की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) को सौंप दी है।
नई दिल्ली : नीट-यूजी 2026 परीक्षा में हुई कथित गड़बड़ियों और पेपर लीक मामले को लेकर विरोध तेज होता जा रहा है। अब यूनाइटेड डॉक्टर्स फ्रंट (UDF) ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है। याचिका में नीट-यूजी 2026 के आयोजन में राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) की सिस्टमैटिक विफलता का हवाला देते हुए इसे पूरी तरह से भंग करने की मांग की गई है।
एडवोकेट रितु रेनीवाल के माध्यम से दायर इस याचिका में मांग की गई है कि संसद में कानून बनाकर एक नया वैधानिक (Statutory) राष्ट्रीय परीक्षा निकाय गठित किया जाए। इस नए निकाय के पास स्पष्ट कानूनी शक्तियां, पारदर्शिता के कड़े नियम और संसद के प्रति सीधी जवाबदेही होनी चाहिए।
याचिका में तर्क दिया गया है कि एनटीए की वर्तमान कानूनी स्थिति 'सोसायटी पंजीकरण अधिनियम, 1860' के तहत एक स्वायत्त सोसायटी के रूप में है, जिसके कारण जवाबदेही का एक बड़ा शून्य (Accountability Vacuum) पैदा होता है। यूपीएससी (जो एक संवैधानिक संस्था है) या एसएससी (जो एक वैधानिक संस्था है) के विपरीत, एनटीए सीधे संसद के प्रति जवाबदेह नहीं है। यह केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय के अंतर्गत काम करता है, जिससे यह सीधे कैग (CAG) ऑडिट और संसदीय समितियों की अनिवार्य जांच से बच जाता है।
यूनाइटेड डॉक्टर्स फ्रंट ने याचिका में कहा-
यूनाइटेड डॉक्टर्स फ्रंट (UDF) ने अपनी याचिका में कहा है कि नीट परीक्षाओं में बार-बार होने वाली इस तरह की गड़बड़ियां संविधान के अनुच्छेद 14 (समानता का अधिकार) और अनुच्छेद 21 (जीवन और आजीविका का अधिकार) का सीधा उल्लंघन हैं। इससे देश के 22.7 लाख से अधिक छात्रों का भविष्य अधर में लटक गया है। नीट-यूजी देश में मेडिकल दाखिले का एकमात्र जरिया है, इसलिए परीक्षा में बार-बार लगने वाला यह दाग छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है।
याचिका में इस बात को भी रेखांकित किया गया है कि एनटीए द्वारा सुरक्षा के बड़े-बड़े दावों के बावजूद परीक्षा की गोपनीयता भंग हुई। याचिका के अनुसार, जीपीएस ट्रैकिंग, एआई-असिस्टेड सीसीटीवी और बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन जैसे हाई-टेक सुरक्षा उपायों के दावों के बावजूद, एक संगठित "गेस पेपर" रैकेट ने परीक्षा में सेंध लगा दी। राजस्थान एसओजी की जांच और सीबीआई की एफआईआर से यह पुष्टि हुई है कि परीक्षा से काफी पहले ही डिजिटल प्लेटफॉर्म पर पेपर लीक कर दिया गया था। इसी बड़ी चूक के कारण परीक्षा को पूरी तरह रद्द करना पड़ा।
याचिकाकर्ताओं का कहना है कि आगामी राष्ट्रीय परीक्षाओं की शुचिता बनाए रखने और उन्हें "जीरो-लीक" (बिना किसी चूक के) सुनिश्चित करने के लिए कोर्ट की निगरानी में एक समिति बनाई जानी चाहिए। यह समिति दूसरी परीक्षाओं को सुरक्षित तरीके से आयोजित कराने की प्रक्रिया की देखरेख कर सके।
NEET-UG 2026 Paper Leak: 3 मई को हुई थी परीक्षा
यह याचिका ऐसे समय में आई है जब एनटीए ने पेपर लीक के आरोपों के बाद 3 मई 2026 को आयोजित हुई नीट-यूजी परीक्षा को रद्द कर दिया है और इस मामले की जांच केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) को सौंप दी है। इसी हफ्ते एक और याचिका भी दायर की गई थी, जिसमें एनटीए को बदलने या उसमें बुनियादी सुधार करने और न्यायिक निगरानी में फिर से नीट-यूजी 2026 परीक्षा आयोजित करने की मांग की गई थी।
Re NEET 2026 Date: नीट री-एग्जाम डेट
NEET-UG की पुनर्परीक्षा 21 जून को आयोजित की जाएगी। नीट-यूजी 2026 की परीक्षा की अवधि को लेकर भी छात्रों को राहत दी गई है। अब परीक्षा के कुल समय में 15 मिनट की बढ़ोतरी कर दी गई है। संशोधित समय सारणी के अनुसार, अब यह परीक्षा दोपहर 2 बजे शुरू होगी और शाम 5:15 बजे संपन्न होगी। समय में इस विस्तार से छात्रों को प्रश्न पत्र पढ़ने और हल करने के लिए अतिरिक्त समय मिल सकेगा।
neet ug re exam Admit Card: एडमिट कार्ड डेट
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने बताया कि नीट यूजी 2026 के री-एग्जाम के एडमिट कार्ड 14 जून तक जारी कर दिए जाएंगे।
अगली खबर
]विशेष समाचार
]- IRIS 2026: 27 क्षेत्रों के 54 स्कॉलर्स को मिला फैकल्टी रिसर्च अवार्ड; आईआईटी, एम्स, आईआईएम के शोधकर्ता शामिल
- IRIS 2026: इंडिया रिसर्च एंड इम्पैक्ट समिट 1 अक्टूबर को, नीति आयोग सदस्य समेत कई दिग्गज एजुकेटर्स होंगे शामिल
- UPSC Mains Marks: केंद्रीय सूचना आयोग ने यूपीएससी मेंस के अंकों का विवरण प्रकाशित करने की सिफारिश की
- JEE Advanced: जेईई-एडवांस्ड में 3 प्रयास की मांग तेज, 12,000 से अधिक अभ्यर्थियों ने मंत्रालय को दिया प्रतिवेदन
- NITI Aayog Report: स्कूलों में छठी कक्षा से ही रोजगारपरक कौशल पर हो ध्यान, नीति आयोग का सुझाव
- आजादी के 80वें साल में भी 'कागजी' दावों के बीच फंसी शिक्षा व्यवस्था; पेपर लीक व बजट की कमी से जूझ रहे छात्र
- Teacher Vacancy Crisis: बिहार में टीचर्स के 2.70 लाख+ पद खाली; झारखंड, एमपी समेत कई राज्यों में हजारों वैकेंसी
- NEET 2026 Paper Leak: नीट पेपर तैयार और अनुवाद का काम एक ही समूह के शिक्षकों को देने से हुई गड़बड़ी - सूत्र
- MCC NEET Counselling 2026: नीट काउंसलिंग शेड्यूल जल्द, जेपी नड्डा ने की समीक्षा, छात्र-केंद्रित कई बड़े सुधार
- NEET Paper Leak: एक नहीं कई बार लीक हो चुका है नीट का पेपर; जानिए काला सच