Press Trust of India | October 7, 2026 | 08:54 AM IST | 1 min read
छात्रों ने परिसर के मुख्य मार्ग के पास एकत्र होकर 12 महीने की अनिवार्य ‘रोटेटिंग इंटर्नशिप’ की पूरी अवधि के लिए 25 हजार रुपये प्रतिमाह भत्ता दिए जाने की मांग की।

नई दिल्ली: भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (ICAR)-भारतीय पशु चिकित्सा अनुसंधान संस्थान (IVRI), इज्जतनगर (बरेली) के 150 से अधिक छात्रों ने अनिवार्य प्रशिक्षण के दौरान मिलने वाले भत्ते (स्टाइपेंड) में बढ़ोत्तरी की मांग को लेकर मंगलवार को प्रदर्शन किया।
छात्रों ने परिसर के मुख्य मार्ग के पास एकत्र होकर 12 महीने की अनिवार्य ‘रोटेटिंग इंटर्नशिप’ की पूरी अवधि के लिए 25 हजार रुपये प्रतिमाह भत्ता दिए जाने की मांग की।
छात्रों के अनुसार, फिलहाल छह महीने के लिए तीन हजार रुपये प्रतिमाह स्टाइपेंड दिया जाता है, जबकि पाठ्यक्रम के तहत अनिवार्य प्रशिक्षण की अवधि 12 महीने है।
उन्होंने दूसरे पशु चिकित्सा संस्थानों में दिए जा रहे भत्ते के मुकाबले आईवीआरआई के स्टाइपेंड की समीक्षा, राशि और व्यवस्था में पारदर्शिता तथा मांगों पर लिखित एवं समयबद्ध जवाब देने की मांग की।
उन्होंने दावा किया कि बीएचयू में वेटेरिनरी इंटर्न को हर महीने लगभग 23,500 रुपये मिलते हैं, जबकि हरियाणा की लाला लाजपत राय यूनिवर्सिटी ऑफ वेटरनरी एंड एनिमल साइंसेज और पंजाब की गुरु अंगद देव वेटरनरी एंड एनिमल साइंसेज यूनिवर्सिटी में स्टाइपेंड क्रमशः लगभग 24,310 रुपये और 22,500 रुपये है।
स्टूडेंट्स के एक रिप्रेजेंटेटिव ने कहा, “हम इंटर्न्स पर डाली गई ज़िम्मेदारियों के हिसाब से एक अच्छा स्टाइपेंड चाहते हैं। अगर 12 महीने की इंटर्नशिप ज़रूरी है, तो स्टाइपेंड भी सभी 12 महीनों के लिए मिलना जरूरी है, तो स्टाइपेंड भी सभी 12 महीनों के लिए मिलना चाहिए।”
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि उनका आंदोलन शांतिपूर्ण रहेगा और इससे जानवरों की सेवाओं, इमरजेंसी इलाज या मरीजों की देखभाल में कोई रुकावट नहीं आएगी। छात्रों ने इंटर्नशिप शुरू होने से पहले अपनी मांगों को हल करने के लिए एक मेमोरेंडम दिया।