पीएम मोदी की तस्वीर को ‘पैरों से रौंदने’ के आरोप में एमएसएफ, एसएफआई के छात्रों पर मामला दर्ज
Press Trust of India | October 22, 2026 | 01:33 PM IST | 1 min read
प्राथमिकी में कहा गया है कि आरोपियों ने कथित तौर पर प्रधानमंत्री की तस्वीर फाड़ी, उसे जमीन पर फेंका और पैरों से रौंद दिया। आरोप है कि ऐसा सार्वजनिक दंगा भड़काने के इरादे से किया गया।
पलक्कड: केरलम में पलक्कड जिले के मन्नारक्कड़ में कॉलेज छात्र संघ चुनाव प्रचार के समापन कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की तस्वीर कथित तौर पर फाड़ने और उसे पैरों से रौंदने के मामले में मुस्लिम स्टूडेंट्स फेडरेशन (एमएसएफ) और स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआई) के करीब 15 सदस्यों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। अधिकारियों ने बृहस्पतिवार को यह जानकारी दी।
पुलिस के अनुसार, यह घटना 13 अक्टूबर को शाम करीब साढ़े चार बजे एमईएस कल्लाडी कॉलेज के सामने हुई। वहां कॉलेज छात्र संघ चुनाव के प्रचार अभियान के अंतिम कार्यक्रम (कोट्टिक्कलासम) के लिए एमएसएफ और एसएफआई के कार्यकर्ता जुटे थे।
प्राथमिकी में कहा गया है कि आरोपियों ने कथित तौर पर प्रधानमंत्री की तस्वीर फाड़ी, उसे जमीन पर फेंका और पैरों से रौंद दिया। आरोप है कि ऐसा सार्वजनिक दंगा भड़काने के इरादे से किया गया।
Also read जामिया मिल्लिया इस्लामिया ने प्रदर्शनकारी छात्रों की मांगों पर विचार के लिए 7 सदस्यीय समिति गठित की
पुलिस ने बताया कि मन्नारक्कड़ थाने में भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 192 के तहत मामला दर्ज किया गया है। यह धारा इस आशय या जानकारी के साथ जानबूझकर गैरकानूनी कृत्य करने से संबंधित है कि उससे दंगा भड़कने की आशंका है।
पुलिस ने बताया कि मामला मन्नारक्कड़ के भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता बीजू की शिकायत के आधार पर दर्ज किया गया।
अगली खबर
]विशेष समाचार
]- IIM Lucknow: आईआईएम लखनऊ ने फैमिली बिजनेस में एमबीए प्रोग्राम लॉन्च किया, पहला बैच जुलाई 2027 में, फीस जानें
- IRIS 2026: 27 क्षेत्रों के 54 स्कॉलर्स को मिला फैकल्टी रिसर्च अवार्ड; आईआईटी, एम्स, आईआईएम के शोधकर्ता शामिल
- IRIS 2026: इंडिया रिसर्च एंड इम्पैक्ट समिट 1 अक्टूबर को, नीति आयोग सदस्य समेत कई दिग्गज एजुकेटर्स होंगे शामिल
- UPSC Mains Marks: केंद्रीय सूचना आयोग ने यूपीएससी मेंस के अंकों का विवरण प्रकाशित करने की सिफारिश की
- JEE Advanced: जेईई-एडवांस्ड में 3 प्रयास की मांग तेज, 12,000 से अधिक अभ्यर्थियों ने मंत्रालय को दिया प्रतिवेदन
- NITI Aayog Report: स्कूलों में छठी कक्षा से ही रोजगारपरक कौशल पर हो ध्यान, नीति आयोग का सुझाव
- आजादी के 80वें साल में भी 'कागजी' दावों के बीच फंसी शिक्षा व्यवस्था; पेपर लीक व बजट की कमी से जूझ रहे छात्र
- Teacher Vacancy Crisis: बिहार में टीचर्स के 2.70 लाख+ पद खाली; झारखंड, एमपी समेत कई राज्यों में हजारों वैकेंसी
- NEET 2026 Paper Leak: नीट पेपर तैयार और अनुवाद का काम एक ही समूह के शिक्षकों को देने से हुई गड़बड़ी - सूत्र
- MCC NEET Counselling 2026: नीट काउंसलिंग शेड्यूल जल्द, जेपी नड्डा ने की समीक्षा, छात्र-केंद्रित कई बड़े सुधार