Model Career Service Centres: विश्वविद्यालय में पीपीपी मोड में मॉडल करियर सेवा केंद्र खोले जाएंगे - मांडविया
Press Trust of India | January 16, 2025 | 10:41 AM IST | 2 mins read
केंद्रीय मंत्री मनसुख मांडविया ने गुरुग्राम में एक मॉडल करियर काउंसलिंग सेंटर बनाने की सीआईआई की पहल की सराहना की।
नई दिल्ली: केंद्रीय श्रम मंत्री मनसुख मांडविया ने बुधवार को कहा कि रोजगार सृजन को बढ़ावा देने के लिए प्रत्येक विश्वविद्यालय में सार्वजनिक-निजी भागीदारी (PPP) के तहत मॉडल करियर सेवा केंद्र स्थापित किए जाएंगे। ये केंद्र करियर काउंसलिंग प्रदान करेंगे और देश में विभिन्न क्षेत्रों में नौकरी चाहने वाले छात्रों के लिए उद्योग के साथ संबंध जोड़ेंगे।
उन्होंने ‘नौकरियों का भविष्य, कल के कार्यबल को साझा करना: एक गतिशील दुनिया में विकास को आगे बढ़ाना’ विषय पर आयोजित उद्योग मंडल भारतीय उद्योग परिसंघ (CII) के सम्मेलन को संबोधित करते हुए यह बात कही। वहीं, केंद्रीय मंत्री ने गुरुग्राम में एक मॉडल करियर काउंसलिंग सेंटर बनाने की सीआईआई की पहल की सराहना की।
मांडविया ने कहा, ‘‘इस प्रकार का मॉडल केंद्र पीपीपी के अंतर्गत होना चाहिए...मैं सीआईआई, फिक्की और एसोचैम जैसे उद्योग मंडलों के माध्यम से जहां भी उनकी पहुंच हो, हर विश्वविद्यालय में एक करियर परामर्श केंद्र स्थापित करना चाहता हूं।’’
उन्होंने सुझाव दिया कि केंद्र स्थापित करने के लिए परिसर विश्वविद्यालय देंगे। जबकि कौशल और काम उद्योग मंडल और स्थानीय उद्योग निकाय करेंगे। लॉजिस्टिक मदद रोजगार मंत्रालय उपलब्ध कराएगा।
Also read Maharashtra RTE Admissions 2025: महाराष्ट्र आरटीई एडमिशन के लिए पंजीकरण शुरू; आखिरी तिथि 27 जनवरी
मंत्री ने कहा कि नौकरियों की कोई कमी नहीं है। नौकरी चाहने वालों को केवल दिशानिर्देश की जरूरत है। उन्होंने कहा, ‘‘हमारे पास कौशल के साथ-साथ जनशक्ति भी है। हमें एक परिवेश बनाने की जरूरत है। धन सृजित करने वालों का सम्मान किया जाना चाहिए। जब धन सृजित होता है तब रोजगार सृजित होता है।’’
मनसुख मांडविया ने कहा कि नेशनल करियर सर्विस पोर्टल पर पांच लाख नौकरियां उपलब्ध हैं। उन्होंने सुझाव दिया, ‘‘हमें कौशल विकास के बारे में सोचने की जरूरत है। हमें उपलब्ध काम और कौशल की मांग के आधार पर एक कुशल कर्मचारी तैयार करने की जरूरत है।’’
मंत्री ने रोजगार की परिभाषा में बदलाव की जरूरत पर भी जोर देते हुए कहा कि अपने घर या अपने क्षेत्र में काम करके संपत्ति बनाने वाले लोग भी नियोजित हैं। उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि कार्यबल विश्लेषण के लिए एक कार्यबल होना चाहिए।
मंत्री ने एक हैंडल पर लिखा, “नौकरियों का भविष्य” विषय पर आयोजित सम्मेलन में भाग लिया। इस कार्यक्रम के आयोजन के लिए लेबर मंत्रालय और सीआईआई को बधाई देता हूं, जो भविष्य के कार्यबल के लिए आवश्यक कौशल पर प्रभावी रूप से प्रकाश डालता है।
अगली खबर
]विशेष समाचार
]- JEE Main 2026 Session 2: जेईई मेन सेशन 2 के लिए परसेंटाइल, रॉ मार्क्स व नॉर्मलाइजेशन का सरल विश्लेषण जानें
- JEE Main 2026: एनआईटी भोपाल में बीटेक प्रवेश के लिए जेईई मेन में कितने अंक होने चाहिए; जानें कटऑफ, फीस, पैकेज
- JEE Main 2026 Cutoff for General Category: जेईई मेन 2026 के लिए सामान्य कैटेगरी की अपेक्षित कटऑफ जानें
- JEE Main 2026: एनआईटी पटना के लिए जेईई मेन में कितने मार्क्स चाहिए? जानें पात्रता, फीस, कटऑफ, औसत पैकेज
- JEE Main 2026: एनआईटी इलाहाबाद में प्रवेश के लिए जेईई मेन में कितने अंक चाहिए? पात्रता, फीस और कटऑफ जानें
- JEE Main 2026: एनआईटी दिल्ली के लिए जेईई मेन में कितने मार्क्स चाहिए? जानें पात्रता, फीस, कटऑफ, औसत पैकेज
- राजस्थान की शिक्षा व्यवस्था में बदलाव की तैयारी, ‘लाडू’, ‘रोटलो’ और ‘मोटो बापो’ जैसे स्थानीय शब्द होंगे शामिल
- राजस्थान में 7,000+ कम नामांकन वाले स्कूलों को मर्ज करने की तैयारी, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने जताया विरोध
- अगले 5 साल में 10 अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान स्थापित करने की योजना, आयुष मंत्री प्रतापराव जाधव ने दी जानकारी
- राज्यसभा में कांग्रेस सदस्य ने की हर स्कूल में छात्राओं के लिए अलग शौचालय सुनिश्चित करने की मांग