‘भारत में विज्ञान और नवाचार के प्रति अद्भुत जुनून है’ - कोलंबिया विश्वविद्यालय के प्रोफेसर ब्रायन ग्रीन
Abhay Pratap Singh | March 2, 2025 | 05:36 PM IST | 1 min read
अंतरिक्ष से ट्वीट करने वाले पहले अंतरिक्ष यात्री के रूप में प्रोफेसर माइक मैसिमिनो ने अंतरिक्ष अन्वेषण में (विशेष रूप से 2002 और 2009 में हबल स्पेस टेलीस्कोप सर्विसिंग मिशन में) महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
नई दिल्ली: सैद्धांतिक भौतिक वैज्ञानिक तथा कोलंबिया विश्वविद्यालय में गणित और भौतिकी के प्रोफेसर डॉ ब्रायन ग्रीन ने ताजमहल की अपनी यात्रा के दौरान कहा, “भारत में मैंने विज्ञान और नवाचार के प्रति जो जुनून देखा है वह अद्भुत है। यहां के छात्रों में ऊर्जा और जिज्ञासा वास्तव में प्रेरणादायक है।”
शिक्षा और वैज्ञानिक अनुसंधान के प्रति भारत के विशिष्ट दृष्टिकोण की प्रशंसा करते हुए उन्होंने वैश्विक प्रभाव डालने के लिए भारतीय छात्रों के उत्साह और महत्वाकांक्षा पर जोर दिया। डॉ ब्रायन ग्रीन ने विज्ञान, इंजीनियरिंग और शिल्प कौशल में भारत की प्रगति की प्रशंसा की।
अंतरिक्ष से भारत का अवलोकन करने वाले नासा के पूर्व अंतरिक्ष यात्री माइक मैसिमिनो ने कहा, “भारत जमीन पर अधिक सुंदर है।” उन्होंने ताजमहल की असाधारण शिल्पकला की प्रशंसा की और इसे भारत की इंजीनियरिंग और डिजाइन की समृद्ध विरासत का प्रमाण बताया।
नासा के पूर्व अंतरिक्ष यात्री माइक मैसिमिनो के साथ अपनी भारत यात्रा पर आए प्रोफेसर डॉ ब्रायन ग्रीन को सुपरस्ट्रिंग सिद्धांत में इनके अभूतपूर्व योगदान के लिए जाना जाता है जिसमें दर्पण समरूपता की सह-खोज और स्थानिक टोपोलॉजी परिवर्तन की खोज शामिल है।
पीआईबी के अनुसार, नासा के दो अंतरिक्ष मिशनों के अनुभवी माइक मैसिमिनो ने मैसाचुसेट्स इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (MIT) से मैकेनिकल इंजीनियरिंग में पीएचडी की है और वर्तमान में कोलंबिया विश्वविद्यालय में मैकेनिकल इंजीनियरिंग के प्रोफेसर के रूप में कार्य कर रहे हैं।
डॉ ग्रीन और मैसिमिनो की ताजमहल यात्रा वैश्विक वैज्ञानिक समुदाय में भारत के बढ़ते प्रभाव को दर्शाती है। उनकी यात्रा शिल्पकला में भारत की ऐतिहासिक उत्कृष्टता और विश्व मंच पर विज्ञान और नवाचार में इसकी तेजी से बढ़ती भूमिका के बीच एक सेतु का काम करेगी है।
अगली खबर
]Sarvodaya Vidyalaya Admission 2025: दिल्ली सर्वोदय विद्यालय में नर्सरी, केजी और कक्षा 1 के लिए प्रवेश शुरू
दिल्ली के सर्वोदय स्कूलों में अपने बच्चों का प्रवेश चाहने वाले अभिभावकों को निवास प्रमाण पत्र, जन्म प्रमाण पत्र और जाति प्रमाण पत्र सहित आवश्यक दस्तावेज जमा करने होंगे।
Abhay Pratap Singh | 1 min readविशेष समाचार
]- IRIS 2026: 27 क्षेत्रों के 54 स्कॉलर्स को मिला फैकल्टी रिसर्च अवार्ड; आईआईटी, एम्स, आईआईएम के शोधकर्ता शामिल
- IRIS 2026: इंडिया रिसर्च एंड इम्पैक्ट समिट 1 अक्टूबर को, नीति आयोग सदस्य समेत कई दिग्गज एजुकेटर्स होंगे शामिल
- UPSC Mains Marks: केंद्रीय सूचना आयोग ने यूपीएससी मेंस के अंकों का विवरण प्रकाशित करने की सिफारिश की
- JEE Advanced: जेईई-एडवांस्ड में 3 प्रयास की मांग तेज, 12,000 से अधिक अभ्यर्थियों ने मंत्रालय को दिया प्रतिवेदन
- NITI Aayog Report: स्कूलों में छठी कक्षा से ही रोजगारपरक कौशल पर हो ध्यान, नीति आयोग का सुझाव
- आजादी के 80वें साल में भी 'कागजी' दावों के बीच फंसी शिक्षा व्यवस्था; पेपर लीक व बजट की कमी से जूझ रहे छात्र
- Teacher Vacancy Crisis: बिहार में टीचर्स के 2.70 लाख+ पद खाली; झारखंड, एमपी समेत कई राज्यों में हजारों वैकेंसी
- NEET 2026 Paper Leak: नीट पेपर तैयार और अनुवाद का काम एक ही समूह के शिक्षकों को देने से हुई गड़बड़ी - सूत्र
- MCC NEET Counselling 2026: नीट काउंसलिंग शेड्यूल जल्द, जेपी नड्डा ने की समीक्षा, छात्र-केंद्रित कई बड़े सुधार
- NEET Paper Leak: एक नहीं कई बार लीक हो चुका है नीट का पेपर; जानिए काला सच