Bihar PE Bill 2024: बिहार विधानसभा ने प्रतियोगी परीक्षाओं में पेपर लीक रोकने के लिए विधेयक किया पारित
Abhay Pratap Singh | July 25, 2024 | 10:57 PM IST | 2 mins read
बिहार लोक परीक्षा विधेयक 2024 में पेपर लीक पर 10 साल की सजा और एक करोड़ रुपये के जुर्माने का प्रावधान है।
नई दिल्ली: बिहार विधानसभा ने राज्य में सरकारी भर्ती परीक्षाओं में प्रश्नपत्र लीक और अन्य गड़बड़ी पर रोक लगाने के उद्देश्य से बिहार पब्लिक एग्जामिनेशन (पीई) (अनुचित साधनों की रोकथाम) बिल 2024 पारित कर दिया है। राज्य के संसदीय कार्य मंत्री विजय कुमार चौधरी ने सदन में बिहार लोक परीक्षा विधेयक 2024 पेश किया।
बिहार पब्लिक एग्जाम बिल 2024 में पेपर लीक में यदि कोई अभ्यर्थी शामिल पाया गया तो 3 से 5 साल की कैद और 10 लाख रुपये का जुर्माना है। परीक्षा में शामिल सेवा प्रदाता (सरकारी संस्था या निजी एजेंसी) यदि कदाचार में संलिप्त पाया जाता है तो उस पर एक करोड़ रुपये के जुर्माने का प्रावधान है, साथ ही चार साल के लिए उसकी सेवाएं समाप्त कर दी जाएंगी।
बिहार पीई विधेयक 2024 में बिहार लोक सेवा आयोग (बीपीएससी), बिहार कर्मचारी चयन आयोग, बिहार तकनीकी सेवा आयोग, बिहार राज्य विश्वविद्यालय सेवा आयोग, बिहार पुलिस अधीनस्थ सेवा आयोग, केन्द्रीय कांस्टेबल चयन बोर्ड तथा अन्य राज्य बोर्डों द्वारा आयोजित सरकारी परीक्षाओं में अनुचित साधनों के प्रयोग पर रोक लगाने का प्रस्ताव है।
बिहार में नए विधेयक के तहत परीक्षा का खर्च भी सर्विस प्रोवाइडर से वसूला जाएगा और उन्हें चार साल के लिए ब्लैक लिस्ट किया जाएगा। साथ ही अगर किसी समूह की संलिप्तता पाई गई तो 5 से 10 साल की सजा और 1 करोड़ रुपये का जुर्माना होगा। इसके अलावा, संस्थान की संपत्ति जब्त करने का भी प्रावधान है।
Also read Bihar ITICAT 2024 Counselling: बिहार आईटीआई कैट काउंसलिंग के लिए पंजीकरण शुरू, लास्ट डेट 28 जुलाई
विधेयक पेश करते हुए विजय चौधरी ने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि विपक्ष एक महत्वपूर्ण विधेयक का हिस्सा नहीं बनना चाहता, जिसका उद्देश्य युवाओं के लिए स्वच्छ परीक्षा प्रणाली सुनिश्चित करना है। इस कानून के तहत सभी अपराध गैर जमानती होंगे। अब पेपर लीक की जांच भी डीएसपी रैंक के अधिकारी करेंगे।
राज्य के संसदीय कार्य मंत्री ने कहा, “इस विधेयक में प्रश्न लीक करने वाले संगठित गिरोहों और असामाजिक तत्वों को रोकने के लिए कठोर सजा का प्रावधान किया गया है, ताकि परीक्षा को किसी भी तरह से प्रभावित न किया जा सके। यह समय की मांग है।”
उन्होंने आगे कहा, “मुझे पता चला है कि पिछले 16 दिनों में देशभर में ऐसे 48 मामले सामने आए हैं। बिहार भी इससे प्रभावित हुआ है। केंद्र का कानून जुलाई से प्रभावी हो गया है और बिहार ने भी अपना कानून बना लिया है। अगर परीक्षा प्रणाली से छेड़छाड़ करने वाले ऐसे तत्वों पर मुकदमा चलाया जाता है, तो विपक्ष को क्या परेशानी हो सकती है?”
हाल ही में, बिहार लोक सेवा आयोग (BPSC) को पेपर लीक के कारण बिहार शिक्षक भर्ती परीक्षा 2024 रद्द करनी पड़ी। पिछले साल बिहार कांस्टेबल भर्ती परीक्षा 2023 का प्रश्नपत्र सोशल मीडिया पर वायरल हो गया था, जिसके कारण परीक्षा रद्द कर दी गई थी। बता दें, पिछले साल झारखंड विधानसभा ने भी झारखंड प्रतियोगी परीक्षा विधेयक, 2023 पारित किया था, जिसमें आजीवन कारावास और 10 करोड़ रुपये तक के जुर्माने का प्रावधान है।
अगली खबर
]विशेष समाचार
]- UDISE Report: वर्ष 2023-24 और 2025-26 के बीच सरकारी स्कूलों में दाखिले में लगभग 86 लाख की कमी आई
- NEET Retest 2026: नीट रीटेस्ट कल, सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद; गाइडलाइंस जारी, एनटीए की आज देशभर में मॉक ड्रिल
- CBSE OSM Controversy: सीबीएसई चेयरमैन व सचिव का तबादला, केजरीवाल ने कहा- छात्रों के घावों पर नमक छिड़कने जैसा
- संसदीय समिति ने नीट मामले पर एनटीए अधिकारियों से पूछे तीखे सवाल, एजेंसी बोली- ‘हमारे सिस्टम से नहीं हुआ लीक’
- बिहार में खुलेगा राष्ट्रीय कला विश्वविद्यालय, ‘भोजपुरी के शेक्सपियर’ भिखारी ठाकुर के नाम पर बनेगा म्यूजियम
- NEET Exam: नीट की कंप्यूटर आधारित परीक्षा से गड़बड़ियों पर लगेगी रोक, बोले पूर्व यूजीसी अध्यक्ष जगदीश कुमार
- JEE Main 2026 Session 2: जेईई मेन सेशन 2 के लिए परसेंटाइल, रॉ मार्क्स व नॉर्मलाइजेशन का सरल विश्लेषण जानें
- JEE Main 2026: एनआईटी भोपाल में बीटेक प्रवेश के लिए जेईई मेन में कितने अंक होने चाहिए; जानें कटऑफ, फीस, पैकेज
- JEE Main 2026 Cutoff for General Category: जेईई मेन 2026 के लिए सामान्य कैटेगरी की अपेक्षित कटऑफ जानें
- JEE Main 2026: एनआईटी पटना के लिए जेईई मेन में कितने मार्क्स चाहिए? जानें पात्रता, फीस, कटऑफ, औसत पैकेज