इग्नू क्षेत्रीय केंद्रों का केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने वर्चुअल माध्यम से उद्घाटन किया
Abhay Pratap Singh | February 7, 2024 | 10:01 PM IST | 1 min read
मंत्री ने उद्धाटन समारोह में अपने संबोधन में कहा कि क्षेत्रीय केंद्र भवनों का उद्घाटन इग्नू की वैश्विक पहुंच को बढ़ाना हमारे मिशन में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित हुआ है।
नई दिल्ली: केंद्रीय शिक्षा, कौशल विकास और उद्यमिता मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने 7 फरवरी को बेंगलुरु, अगरतला, जम्मू, पोर्ट ब्लेयर, नोएडा और पुणे स्थित इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय (इग्नू) क्षेत्रीय केंद्रों का वर्चुअल माध्यम से उद्धाटन किया। इसके अलावा मंत्री ने विजयवाड़ा में क्षेत्रीय केंद्र भवन का शिलान्यास किया।
एचईएफए योजना के तहत शिक्षा मंत्रालय के सहयोग से निर्मित इग्नू के नए परिसर भवन शिक्षार्थियों के लिए अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस हैं। उद्घाटन समारोह में इग्नू मुख्यालय के इलेक्ट्रॉनिक मीडिया प्रोडक्शन सेंटर में एक अत्याधुनिक स्टूडियो का भी अनावरण हुआ।
धर्मेंद्र प्रधान ने संबोधन में कहा कि मुझे यह घोषणा करते हुए खुशी हो रही है कि इग्नू शैक्षिक अवसरों के एक प्रकाशस्तंभ के रूप में काम कर रहा है। जिन लोगों को किसी कारणवश अपनी शैक्षणिक यात्रा रोकनी पड़ी, उनके लिए इग्नू अवसर प्रदान कर रहा है।
मंत्री ने आगे कहा कि इग्नू एक वैश्विक डिजिटल विश्वविद्यालय के रूप में विकसित होने के लिए तैयार है, जो भारत की सीमाओं से परे अपनी शैक्षिक पहुंच का विस्तार करेगा। प्रौद्योगिकी-संचालित डिजिटल शिक्षा को अपनाते हुए इग्नू उच्च शिक्षा में उज्जवल भविष्य के लिए लक्ष्य निर्धारित कर रहा है।
इस दौरान शिक्षा मंत्रालय के सचिव संजय मूर्ति ने देश भर में स्थायी भौतिक बुनियादी ढांचे की स्थापना में इग्नू की उपलब्धि की सराहना की। उन्होंने कहा कि ये इमारतें न केवल छात्रों को व्यक्तिगत सेवाएं प्रदान करेंगी, बल्कि प्रौद्योगिकी-सक्षम बुनियादी ढांचे के माध्यम से जमीनी स्तर पर इग्नू की कनेक्टिविटी को भी बढ़ाएंगी।
इग्नू के कुलपति प्रोफेसर नागेश्वर राव ने मंत्रालय की योजना के तहत प्रदान किए गए अनुदान के लिए मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का आभार व्यक्त किया। उन्होंने शिक्षार्थियों को बेहतर सेवा देने और सकल नामांकन अनुपात को बढ़ाने के लिए उन्नत बुनियादी ढांचे का लाभ उठाने के लिए इग्नू की प्रतिबद्धता दोहराई है।
अगली खबर
]एनसीपीसीआर और मेटा ने परीक्षा के दबाव से निपटने में छात्रों की मदद के लिए राष्ट्रव्यापी कार्यक्रम की शुरुआत की
नई दिल्ली में मेटा और एनसीपीसीआर संयुक्त रूप से एक सम्मेलन भी आयोजित करेगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 'परीक्षा पे चर्चा' कार्यक्रम के अनुसार एनसीपीसीआर परीक्षापर्व का छठा संस्करण मना रहा है।
Abhay Pratap Singh | 1 min readविशेष समाचार
]- JEE Advanced: जेईई-एडवांस्ड में 3 प्रयास की मांग तेज, 12,000 से अधिक अभ्यर्थियों ने मंत्रालय को दिया प्रतिवेदन
- NITI Aayog Report: स्कूलों में छठी कक्षा से ही रोजगारपरक कौशल पर हो ध्यान, नीति आयोग का सुझाव
- आजादी के 80वें साल में भी 'कागजी' दावों के बीच फंसी शिक्षा व्यवस्था; पेपर लीक व बजट की कमी से जूझ रहे छात्र
- Teacher Vacancy Crisis: बिहार में टीचर्स के 2.70 लाख+ पद खाली; झारखंड, एमपी समेत कई राज्यों में हजारों वैकेंसी
- NEET 2026 Paper Leak: नीट पेपर तैयार और अनुवाद का काम एक ही समूह के शिक्षकों को देने से हुई गड़बड़ी - सूत्र
- MCC NEET Counselling 2026: नीट काउंसलिंग शेड्यूल जल्द, जेपी नड्डा ने की समीक्षा, छात्र-केंद्रित कई बड़े सुधार
- NEET Paper Leak: एक नहीं कई बार लीक हो चुका है नीट का पेपर; जानिए काला सच
- AISHE Reports: अखिल भारतीय उच्च शिक्षा सर्वेक्षण रिपोर्ट वर्ष 2022-23 और 2023-24 के लिए जारी
- UDISE Report: वर्ष 2023-24 और 2025-26 के बीच सरकारी स्कूलों में दाखिले में लगभग 86 लाख की कमी आई
- NEET Retest 2026: नीट रीटेस्ट कल, सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद; गाइडलाइंस जारी, एनटीए की आज देशभर में मॉक ड्रिल