Padma Awards 2025: साहित्य और शिक्षा के क्षेत्र में 30 लोगों को पद्म पुरस्कार से किया जाएगा सम्मानित
Abhay Pratap Singh | January 26, 2025 | 06:57 PM IST | 2 mins read
पद्म पुरस्कार उन लेखकों, शिक्षकों, पत्रकारों और विद्वानों के योगदान का सम्मान करते हैं जिन्होंने अपने काम के जरिए समाज को समृद्ध किया है।
नई दिल्ली: गृह मंत्रालय ने वर्ष 2025 के लिए सर्वोच्च नागरिक पुरस्कार-पद्म पुरस्कार प्राप्त करने वालों के नामों की घोषणा की है। इस वर्ष राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने तीन श्रेणियों: पद्म विभूषण, पद्म भूषण और पद्म श्री में 139 पुरस्कार प्रदान करने को मंजूरी दी है। साहित्य और शिक्षा के क्षेत्र में 30 लोगों को औपचारिक समारोह में पद्म पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे।
पद्म पुरस्कार उन लेखकों, शिक्षकों, पत्रकारों और विद्वानों के योगदान का सम्मान करते हैं जिन्होंने अपने काम के जरिए समाज को समृद्ध किया है। पद्म पुरस्कार वितरण समारोह प्रत्येक वर्ष आमतौर पर मार्च या अप्रैल महीने के आसपास राष्ट्रपति भवन में आयोजित किया जाता है। ये पुरस्कार साहित्य, शिक्षा, कला, विज्ञान और सार्वजनिक सेवा सहित विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान के लिए प्रदान किए जाते हैं।
पुरस्कार पाने वालों में 23 महिलाएं हैं और सूची में 10 ऐसे व्यक्ति शामिल हैं जिन्हें विदेशी, एनआरआई, पीआईओ या ओसीआई के रूप में वर्गीकृत किया गया है। साथ ही 13 मरणोपरांत पुरस्कार पाने वाले भी शामिल हैं।
Categories Of Padma Awards: पुरस्कारों की श्रेणियां
पद्म पुरस्कार तीन श्रेणियों में प्रदान किए जाते हैं:
- पद्म विभूषण - असाधारण और विशिष्ट सेवा के लिए।
- पद्म भूषण - उच्च कोटि की विशिष्ट सेवा के लिए।
- पद्म श्री - किसी भी क्षेत्र में विशिष्ट सेवा के लिए।
Also read Republic Day 2025: भारत का 76वां गणतंत्र दिवस आज; थीम, इतिहास और महत्वपूर्ण तथ्य जानें
पद्म पुरस्कार समिति की सिफारिशों के आधार पर पद्म पुरस्कार दिए जाते हैं, जिसका गठन हर साल प्रधानमंत्री द्वारा किया जाता है। इस समिति का नेतृत्व कैबिनेट सचिव करते हैं और इसमें गृह सचिव, राष्ट्रपति के सचिव और चार से छह सदस्य शामिल होते हैं। समिति द्वारा अपनी सिफारिशें दिए जाने के बाद, उन्हें अंतिम मंजूरी के लिए प्रधानमंत्री और भारत के राष्ट्रपति के पास भेजा जाता है। साहित्य और शिक्षा के क्षेत्र में पद्म पुरस्कार से सम्मानित किए गए लोगों की सूची नीचे देख सकते हैं:
Padma Vibhushan: पद्म विभूषण
- एमटी वासुदेवन नायर (मरणोपरांत)
Padma Bhushan: पद्म भूषण
- ए. सूर्य प्रकाश - पत्रकारिता
- बिबेक देबरॉय (मरणोपरांत)
- रामबहादुर राय - पत्रकारिता
Padma Shri: पद्म श्री
- अनिल कुमार बोरो
- अरुणोदय साहा
- अरविंद शर्मा
- चंद्रकांत शेठ (मरणोपरांत)
- डेविड आर. सिमलीह
- गणेश्वर शास्त्री द्रविड़
- गीता उपाध्याय
- हृदय नारायण दीक्षित
- ह्यूग और कोलीन गैंट्जर (मरणोपरांत) - युगल
- जगदीश जोशीला
- केएल कृष्ण
- लक्ष्मीपति रामसुब्बायर - पत्रकारिता
- ललित कुमार मगोत्रा
- मारुति भुजंगराव चितमपल्ली
- नागेंद्र नाथ रॉय
- नितिन नोहरिया
- प्रतिभा सत्पथी
- रामदरश मिश्र
- रेंथली लालरावण
- संत राम देसवाल
- सीनी विश्वनाथन
- शीन काफ निज़ाम (शिव किशन बिस्सा)
- स्टीफन नैप
- सैयद ऐनुल हसन
- तुषार दुर्गेशभाई शुक्ल
- वादीराज राघवेंद्राचार्य पंचमुखी
अगली खबर
]विशेष समाचार
]- राजस्थान की शिक्षा व्यवस्था में बदलाव की तैयारी, ‘लाडू’, ‘रोटलो’ और ‘मोटो बापो’ जैसे स्थानीय शब्द होंगे शामिल
- राजस्थान में 7,000+ कम नामांकन वाले स्कूलों को मर्ज करने की तैयारी, कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने जताया विरोध
- अगले 5 साल में 10 अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान स्थापित करने की योजना, आयुष मंत्री प्रतापराव जाधव ने दी जानकारी
- राज्यसभा में कांग्रेस सदस्य ने की हर स्कूल में छात्राओं के लिए अलग शौचालय सुनिश्चित करने की मांग
- हरियाणा के 23 जिलों में बनेंगे 90 आदर्श परीक्षा केंद्र, एचएसएससी अभ्यर्थियों को मिलेगी फ्री बस सुविधा
- Career Options After JEE: जेईई के बाद करियर के बेस्ट विकल्प क्या-क्या है? ट्रेंड्स जानें
- Rajasthan Budget 2026: एनटीए की तर्ज पर बनेगी स्टेट टेस्टिंग एजेंसी, भर्तियों का तोहफा; बजट में प्रमुख घोषणाएं
- Pariksha Pe Charcha 2026: स्वयं को तकनीक का गुलाम न बनाएं, क्षमता बढ़ाने में करें उपयोग- छात्रों से पीएम मोदी
- Budget 2026: 15,000 स्कूलों में कंटेंट क्रिएटर लैब, हर जिले में गर्ल्स हॉस्टल, बजट पर लोगों के रिएक्शन जानें
- UGC Act 2026: यूजीसी के नए रेगुलेशन के विरोध में बरेली के सिटी मजिस्ट्रेट का इस्तीफा, नियमों को बताया दमनकारी