Abhay Pratap Singh | May 22, 2026 | 11:59 AM IST | 2 mins read
राहुल गांधी ने कहा कि सरकार छात्रों के सवालों का जवाब लाठी से देती है, वो जवाबदेही से नहीं - डर से चलती है, पर हम डरने वाले नहीं हैं।
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नई दिल्ली: लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने कथित नीट यूजी 2026 पेपर लीक और परीक्षा रद्द होने को लेकर केंद्र सरकार पर हमला बोला है। उन्होंने कहा कि नीट पेपर लीक ने लाखों छात्रों के भविष्य बर्बाद कर दिया है और इस घटना के चलते कई बच्चों ने अपनी जान तक गंवा दी।
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट में राहुल गांधी ने लिखा, “जब मोदी (पीएम नरेंद्र मोदी) इटली में टॉफी खिलाते हुए रील्स बना रहे थे, तब पेपर लीक से त्रस्त भारत के युवा सड़कों पर न्याय मांग रहे थे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने न जिम्मेदारी ली और न ही धर्मेंद्र प्रधान को हटाया और इस बारे में न ही एक शब्द कहा।”
उन्होंने आगे कहा, जब छात्र, एनएसयूआई और आईएनसी के कार्यकर्ता न्याय की आवाज उठा रहे हैं, तो बीजेपी की प्रदेश सरकारें उन पर लाठियां बरसा रही हैं। जो सरकार छात्रों के सवालों का जवाब लाठी से देती है, वो जवाबदेही से नहीं - डर से चलती है, पर हम डरने वाले नहीं हैं।
कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने प्रधान के इस्तीफे की मांग करते हुए कहा, “हम तब तक नहीं रुकेंगे जब तक धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा नहीं देते और देश में पेपर लीक रोकने के लिए एक मजबूत और सुरक्षित सिस्टम नहीं बनता। यह लड़ाई हर उस छात्र के लिए है जिसका भविष्य इस नाकाम सरकार ने चुराया।”
बता दें, 21 मई को राजस्थान में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष गोविंद डोटासरा के नेतृत्व में राजस्थान कांग्रेस ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर जयपुर स्थित भाजपा मुख्यालय का घेराव करते हुए विरोध-प्रदर्शन किया। इससे पहले भी राहुल गांधी ने नीट पेपर रद्द होने पर कई बार भाजपा सरकार पर निशाना शाधा है।
आईएनसी इंडिया ने एनटीए को बैन करने की मांग करते हुए आधिकारिक एक्स पर एक पोस्ट में लिखा, “नीट पेपर लीक देश के लाखों अभ्यर्थियों के साथ किया गया विश्वासघात है, जिसकी कोई माफी नहीं है। छात्रों के सपनों को रौंदने वाली संस्था एनटीए को बैन किया जाए और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान अपने पद से तत्काल इस्तीफा दें।”