Press Trust of India | January 28, 2026 | 03:36 PM IST | 1 min read
बजट सत्र के पहले दिन संसद के संयुक्त सत्र को संबोधित करते हुए राष्ट्रपति ने कहा, यूरोपीय संघ के साथ मुक्त व्यापार समझौते के लिए वार्ता संपन्न होने पर, मैं सभी नागरिकों को बधाई देती हूं।

नई दिल्ली: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने यूरोपीय संघ के साथ मुक्त व्यापार समझौते पर हस्ताक्षर का स्वागत करते हुए आज को कहा कि इससे विनिर्माण एवं सेवा क्षेत्रों को गति मिलेगी और देश के युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर उत्पन्न होंगे। मुर्मू ने कहा कि पिछले 11 वर्ष में देश की आर्थिक नींव काफी मजबूत हुई है।
उन्होंने आगे कहा कि भारत विभिन्न वैश्विक संकटों के बावजूद दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती प्रमुख अर्थव्यवस्था बना हुआ है। राष्ट्रपति ने कहा कि भारत ने मुद्रास्फीति को नियंत्रण में रखने के अपने प्रदर्शन में और सुधार किया है जिसका सीधा लाभ गरीब एवं मध्यम वर्ग को मिल रहा है।
बजट सत्र के पहले दिन संसद के संयुक्त सत्र को संबोधित करते हुए राष्ट्रपति ने कहा, “यूरोपीय संघ के साथ मुक्त व्यापार समझौते के लिए वार्ता संपन्न होने पर, मैं सभी नागरिकों को बधाई देती हूं। इससे भारत के विनिर्माण एवं सेवा क्षेत्रों को गति मिलेगी और भारत के युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर भी सृजित होंगे।”
Also readUGC Act 2026: यूजीसी के नियमों में जाति आधारित भेदभाव की परिभाषा को सुप्रीम कोर्ट में दी गई चुनौती
उन्होंने कहा, “मेरी सरकार की नीतियों के परिणामस्वरूप, नागरिकों की आय बढ़ी है, उनकी बचत में वृद्धि हुई है और उनकी क्रय शक्ति में भी सुधार हुआ है।” भारत और यूरोपीय संघ ने 27 जनवरी को एक ऐतिहासिक मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) पर हस्ताक्षर किए जिसे 'सबसे बड़ा समझौता' कहा जा रहा है।
इसका उद्देश्य दो अरब लोगों का बाजार तैयार करना है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और यूरोपीय संघ के शीर्ष नेतृत्व ने नियम-आधारित विश्व व्यवस्था की रक्षा के लिए व्यापार एवं रक्षा का बड़े पैमाने पर लाभ उठाने हेतु एक परिवर्तनकारी पांच वर्षीय एजेंडा भी पेश किया है।