Saurabh Pandey | July 29, 2026 | 12:47 PM IST | 2 mins read
आयोग ने स्पष्ट किया है कि जिन अभ्यर्थियों ने एक से अधिक आवेदन जमा किए थे, वे केवल अपने सबसे लेटेस्ट आवेदन को ही एडिट करें। 30 जुलाई के बाद किसी भी स्थिति में संशोधन का कोई अनुरोध स्वीकार नहीं किया जाएगा।

नई दिल्ली : इंस्टीट्यूट ऑफ बैंकिंग पर्सोनेल सिलेक्शन (IBPS) ने आईबीपीएस पीओ और एसओ एप्लीकेशन फॉर्म 2026 के लिए एडिट विंडो खोल दी है। जिन उम्मीदवारों ने पहले ही अपने ऑनलाइन एप्लीकेशन जमा कर दिए हैं और निर्धारित आवेदन शुल्क का भुगतान कर दिया है, वे अब अपने फॉर्म में सुधार कर सकते हैं या जरूरी जानकारी अपडेट कर सकते हैं। आवेदन फॉर्म सुधार की सुविधा 29 जुलाई 2026 से 30 जुलाई 2026 तक आधिकारिक वेबसाइट ibps.in पर उपलब्ध रहेगी।
उम्मीदवारों द्वारा ओरिजिनल एप्लीकेशन में नाम, ईमेल आईडी, मोबाइल नंबर, पत्राचार और स्थायी पते में राज्य/केंद्र शासित प्रदेश, पद और राष्ट्रीयता के लिए दिए गए डेटा में कोई बदलाव नहीं किया जा सकता है।
पूर्व श्रेणी | इन श्रेणियों में बदला जा सकता है |
एससी, एसटी, PwBD | एससी, एसटी, PwBD |
जनरल, ईडब्ल्यूएसस ओबीसी (NCL) | जनरल, ईडब्ल्यूएसस ओबीसी (NCL), एससी, एसटी, PwBD |
अगर कैटेगरी जनरल/ईडब्ल्यूएस/ओबीसी से बदलकर एससी/एसटी/PwBD हो जाती है, तो पहले से भरी गई फीस वापस नहीं की जाएगी। आवेदन फॉर्म में बदलाव या सुधार करने के लिए शुल्क 200 रुपये (जीएसटी सहित) है। सुधार की यह फीस सभी उम्मीदवारों पर एक समान रूप से लागू होगी, चाहे उनकी कैटेगरी कोई भी हो। एक बार फॉर्म करेक्शन फीस भरने के बाद, इसे किसी भी स्थिति में वापस नहीं किया जाएगा और न ही इसे किसी दूसरी परीक्षा के लिए एडजस्ट किया जाएगा।
एक से अधिक आवेदन होने की स्थिति में, उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि वे केवल सबसे हाल के आवेदन को ही एडिट करें। उम्मीदवारों के लिए आवेदन पत्र में बदलाव या सुधार करने की एडिट विंडो की समय-सीमा समाप्त होने के बाद, किसी भी परिस्थिति में कोई बदलाव/सुधार/संशोधन करने की अनुमति नहीं दी जाएगी। इस संबंध में किसी भी अनुरोध पर विचार नहीं किया जाएगा।