MP DPI: शिक्षक पात्रता परीक्षा, मर्जर और पदोन्नति को लेकर एमपी लोक शिक्षण संचालनालय ने निर्देश जारी किया
Abhay Pratap Singh | August 22, 2026 | 07:11 PM IST | 2 mins read
DPI MP Teacher Guidelines: एमपी डीपीआई ने कहा कि, 1 सितंबर 2025 तक जिन शिक्षकों की कुल सेवा अवधि 5 वर्ष से कम है, उन्हें पात्रता परीक्षा में शामिल होने से छूट दी गई है।
नई दिल्ली: मध्यप्रदेश लोक शिक्षण संचालनालय (MP DPI) ने शिक्षक पात्रता परीक्षा, पदोन्नति, संविलियन (Merger) तथा सेवा शर्तों से जुड़े विभिन्न मुद्दों को लेकर एमपी शिक्षक संघ द्वारा सौंपे गए ज्ञापन पर विचार-विमर्श करने के बाद निर्देश जारी किया है। एमपी डीपीआई ने बताया कि वर्ष 2025 के बाद नियुक्त शिक्षकों को दोबारा पात्रता परीक्षा देने की आवश्यकता नहीं होगी।
Directorate of Public Instruction MP: शिक्षक पात्रता एवं पदोन्नति के लिए जारी निर्देश
लोक शिक्षण संचालनालय, मध्यप्रदेश द्वारा शिक्षकों की शंकाओं के निवारण के लिए जारी बिंदुवार स्पष्टीकरण यहां जांच सकते हैं:
पात्रता परीक्षा में छूट संबंधी श्रेणीवार विवरण -
1) 2005 के बाद नियुक्त शिक्षक
वर्ष 2005 के बाद नियुक्त किए गए सभी शिक्षकों को पुनः पात्रता परीक्षा देने की आवश्यकता नहीं होगी। ऐसे शिक्षकों की नियुक्ति को निर्धारित प्रक्रिया के तहत वैध माना गया है।
2) पदोन्नत उच्च माध्यमिक शिक्षक (उमाशि) व व्याख्याता
जिन शिक्षकों को उच्च माध्यमिक शिक्षक (उमाशि) या व्याख्याता (Lecturer) के पद पर पदोन्नति (Promotion) प्राप्त हो चुकी है, उन्हें किसी भी नवीन पात्रता परीक्षा से पूर्णतः मुक्त रखा गया है।
3) पहले पात्रता परीक्षा उत्तीर्ण प्राथमिक/ माध्यमिक शिक्षक
ऐसे प्राथमिक एवं माध्यमिक शिक्षक जिन्होंने वर्ष 2005 के बाद आयोजित किसी भी पात्रता परीक्षा को सफलतापूर्वक उत्तीर्ण कर लिया है, उन्हें दोबारा किसी पात्रता परीक्षा में सम्मिलित नहीं होना पड़ेगा।
4) विशेष विषय शिक्षक (खेल, क्राफ्ट, संगीत)
खेल (Physical Education), क्राफ्ट (Craft) तथा संगीत (Music) विषयों के प्राथमिक एवं माध्यमिक शिक्षकों को विशेष संवर्ग की छूट के अंतर्गत पात्रता परीक्षा देने की बाध्यता से मुक्त किया गया है।
5) पांच वर्ष से कम सेवा अवधि वाले शिक्षक (कट-ऑफ तिथि: 01/09/2025)
दिनांक 1 सितंबर 2025 की स्थिति में जिन शिक्षकों की कुल सेवा अवधि 5 वर्ष से कम है, उन्हें भी इस परीक्षा में बैठने से छूट दी गई है।
6) व्यापम परीक्षा उत्तीर्ण एवं संविलियन प्राप्त तत्कालीन ‘गुरुजी’
शिक्षा गारंटी योजना के अंतर्गत कार्यरत तत्कालीन ‘गुरुजी’, जिन्होंने व्यापम (VYAPAM) द्वारा आयोजित परीक्षा उत्तीर्ण कर नियमित शिक्षक संवर्ग में संविलियन प्राप्त कर लिया था, वे भी इस परीक्षा से मुक्त होंगे।
श्रेणीवार पात्रता परीक्षा में छूट -
नीचे सारणी में एमपी डीपीआई द्वारा शिक्षक पात्रता, मर्जर और पदोन्नति को लेकर जारी निर्देश शिक्षक श्रेणीवार जांच सकते हैं:
| क्रम संख्या | शिक्षक श्रेणी/ वर्ग | निर्धारित शर्त/ मापदंड | पात्रता परीक्षा स्थिति |
|---|---|---|---|
|
1 |
वर्ष 2005 के बाद नियुक्त शिक्षक |
2005 के बाद की नियुक्ति |
परीक्षा से छूट |
|
2 |
पदोन्नत शिक्षक (उमाशि/व्याख्याता) |
उच्च पद पर पदोन्नति प्राप्त |
परीक्षा से छूट |
|
3 |
प्राथमिक/माध्यमिक शिक्षक |
2005 के बाद की पात्रता परीक्षा उत्तीर्ण |
परीक्षा से छूट |
|
4 |
विशेष शिक्षक (खेल, क्राफ्ट, संगीत) |
प्राथमिक एवं माध्यमिक स्तर |
परीक्षा से छूट |
|
5 |
नवनियुक्त / अल्प सेवी शिक्षक |
01/09/2025 को 5 वर्ष से कम सेवा |
परीक्षा से छूट |
|
6 |
तत्कालीन गुरुजी |
व्यापम उत्तीर्ण व संविलियन प्राप्त |
परीक्षा से छूट |
विधिक समीक्षा एवं पुनर्विचार याचिका (Review Petition)
आधिकारिक सूचना में कहा गया कि अनुसार, “विधिक पहलुओं एवं विभागीय समीक्षा के संबंध में कामना आचार्य (संचालक, लोक शिक्षण) तथा उनकी तकनीकी एवं विधि विशेषज्ञ टीम द्वारा न्यायालय में दायर करने के लिए पुनर्विचार याचिका (Review Petition) की फाइल तैयार की जा रही है। इसका उद्देश्य शिक्षकों के अधिकारों का समुचित संरक्षण सुनिश्चित करना है।”
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