राष्ट्रीय आयुर्विज्ञान परीक्षा बोर्ड (NBEMS) द्वारा नीट पीजी उत्तर कुंजी जारी करने की घोषणा के तुरंत बाद उम्मीदवारों द्वारा यह जनहित याचिका (PIL) दायर की गई थी।

बिहार सिविल कोर्ट क्लर्क पद के लिए प्रारंभिक परीक्षा दिसंबर 2024 में आयोजित की गई थी। कुल उम्मीदवारों में से 42,397 को अगले चरण के लिए चुना गया था। हालांकि, 2,397 उम्मीदवारों की ओएमआर शीट अमान्य घोषित कर दी गईं, क्योंकि उन्होंने शीट के पीछे दिए गए निर्देशों का पालन नहीं किया था।

स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता मंत्रालय के सचिव संजय कुमार ने 3-6 वर्ष की आयु के बच्चों के लिए अपार आईडी बनाने का प्रस्ताव रखा।