Abhay Pratap Singh | October 13, 2026 | 06:26 PM IST | 2 mins read
डीयू कार्यकारी परिषद ने सभी कॉलेजों से अपने परिसर में नए हॉस्टलों के निर्माण के लिए प्रस्ताव तैयार कर उन्हें फंडिंग एजेंसी के पास भेजने का भी आग्रह किया।

नई दिल्ली: दिल्ली विश्वविद्यालय (DU) में विद्यार्थियों की आवासीय सुविधाओं का विस्तार करने के लिए 5889 करोड़ रुपये की लागत से 21,895 विद्यार्थियों के लिए नई आवासीय सुविधाओं का विस्तार किया जाएगा। डीयू कुलपति प्रो योगेश सिंह की अध्यक्षता में आयोजित डीयू कार्यकारी परिषद (EC) की 1284वीं बैठक में इस प्रस्ताव को मंजूरी दी गई है।
ईसी द्वारा पारित प्रस्ताव के अनुसार, 4027 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से नए हॉस्टलों का निर्माण किया जाएगा, जिससे विश्वविद्यालय में 15758 विद्यार्थियों के लिए अतिरिक्त आवासीय सुविधाएं उपलब्ध होंगी। इनके अलावा, 2 पुराने हॉस्टलों के पुन: निर्माण का प्रस्ताव भी पारित किया गया है, जिनके निर्माण पर करीब 1862 करोड़ रुपए की लागत आएगी।साथ ही उनमें 6137 विद्यार्थियों के लिए अवसीय सुविधा उपलब्ध हो सकेगी।
कुलपति प्रो योगेश सिंह ने कहा, 21वीं सदी की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए इन भवनों की डिजाइन तैयार की गई हैं। आगे कहा कि विश्वविद्यालय में जब कभी पहले हॉस्टल बने थे, तब की परिस्थितियां अलग थी, और आने वाले समय की परिस्थितियां अलग होंगी। इसलिए अगले 100 वर्षों को ध्यान में रख काम किया जा रहा है।
एक प्रश्न के उत्तर में डीयू कुलपति प्रो योगेश सिंह ने कहा कि किसी भी मौजूदा हॉस्टल के पुननिर्माण पर उसका नाम नहीं बदला जाएगा। दिल्ली विश्वविद्यालय के ढाका कॉम्प्लेक्स, सूरजमल विहार कैंपस और नजफगढ़ कैंपस में अतिरिक्त बहुमंजिला हॉस्टल बिल्डिंग बनाने का निर्णय लिया गया है। नए छात्रावासों के निर्माण के अतिरिक्त ‘जुबली हाल’ और ‘पीजी मेन्स हॉस्टल’ के पुन: निर्माण के प्रस्ताव को भी स्वीकृति प्रदान की गई है।
डीयू ईसी द्वारा पारित प्रस्ताव के अनुसार, ढाका कॉम्प्लेक्स में हॉस्टल निर्माण के अलावा रोशनपुरा (नजफगढ़) में वीर सावरकर कॉलेज में भी लड़कियों और लड़कों के लिए हॉस्टल निर्माण किया जाना है। वहा, द्वारका (नजफगढ़) में विश्वविद्यालय के पश्चिमी परिसर में भी लड़कियों और लड़कों के लिए हॉस्टल का निर्माण किया जाएगा।
इसके अलावा, सूरजमल विहार कड़कड़डूमा स्थित विश्वविद्यालय के पूर्वी परिसर में भी लड़कियों और लड़कों के लिए छात्रावास का निर्माण किया जाएगा। डीयू कार्यकारी परिषद ने सभी कॉलेजों से अपने परिसर में नए हॉस्टलों के निर्माण के लिए प्रस्ताव तैयार कर उन्हें फंडिंग एजेंसी के पास भेजने का भी आग्रह किया।