Santosh Kumar | September 16, 2026 | 08:43 PM IST | 2 mins read
सफल अभ्यर्थियों के अंतिम प्रमाण-पत्रों में नाम, माता-पिता के नाम, जन्मतिथि या वर्ग/श्रेणी से जुड़ी त्रुटियों के सुधार के लिए विंडो जल्द ओपन की जाएगी।

नई दिल्ली: उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (यूपीटीईटी) 2026 रिजल्ट की समीक्षा की मांग कर रहे उम्मीदवारों को उत्तर प्रदेश शिक्षा सेवा चयन आयोग (यूपीईएसएससी) से बड़ा झटका लगा है। आयोग ने परीक्षा के नतीजों को लेकर मिली आपत्तियों पर अपना अंतिम फैसला सुना दिया है। उच्च-स्तरीय समिति की रिपोर्ट के आधार पर, ओएमआर शीट के रद्द होने, नॉर्मलाइजेशन और आंसर-की से जुड़ी मुख्य मांगों को पूरी तरह से खारिज कर दिया गया है।
आयोग की 6-सदस्यीय जांच समिति ने अभ्यावेदनों को 4 समूहों में बांटा। रिपोर्ट के आधार पर, आयोग ने स्पष्ट किया कि ओएमआर शीट पर रोल नंबर या प्रश्न पुस्तिका नंबर भरने में हुई गलतियों को सुधारने का कोई मौका नहीं दिया जाएगा।
अधिसूचना के अनुसार, आयोग का कहना है कि परीक्षा से पहले विज्ञापन, एडमिट कार्ड और इनविजिलेटर के माध्यम से विस्तृत निर्देश और सावधानियां बता दी गई थीं। मूल्यांकन की प्रक्रिया पूरी तरह से कंप्यूटराइज्ड और ऑटोमेटेड है।
यूपीईएसएससी ने कहा है कि पहले ही यह स्पष्ट कर दिया गया था कि यदि रोल नंबर या बुकलेट नंबर गलत या खाली छोड़ दिया जाता है, तो ओएमआर शीट का मूल्यांकन नहीं किया जाएगा और इसकी जिम्मेदारी उम्मीदवार की होगी।
विभिन्न न्यायालयों के पिछले फैसलों को देखते हुए, इस श्रेणी में कोई राहत संभव नहीं पाई गई। आयोग द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार, नॉर्मलाइजेशन प्रोसेस व आंसर-की को लेकर उम्मीदवारों की मांगों को भी खारिज कर दिया गया।
आयोग ने स्पष्ट किया कि चूंकि परीक्षा कई दिनों या शिफ्ट में होनी थी, इसलिए नॉर्मलाइजेशन का नियम पहले ही घोषित किया गया था। यह प्रक्रिया अन्य परीक्षा संस्थाओं द्वारा भी अपनाई जाती है और न्यायालयों द्वारा वैध ठहराई जा चुकी है।
इसमें अभ्यर्थियों के अंक घटना-बढ़ना स्वाभाविक है। इसलिए नॉर्मलाइज्ड स्कोर या अंकों में किसी तरह के बदलाव की मांग को स्वीकार नहीं किया गया। उत्तर कुंजी से जुड़े दावों पर भी कोई संशोधन नहीं किया जाएगा।
हालांकि, यूपीईएसएससी ने एक मोर्चे पर राहत दी है। यूपीटीईटी परीक्षा में सफल अभ्यर्थियों के अंतिम प्रमाण-पत्रों में नाम, माता-पिता के नाम, जन्मतिथि या वर्ग/श्रेणी से जुड़ी त्रुटियों के सुधार के लिए सकारात्मक रुख अपनाया गया है।
सफल अभ्यर्थियों के लिए आयोग के आधिकारिक पोर्टल पर शीघ्र ही ऑनलाइन आवेदन की सुविधा शुरू की जाएगी। उम्मीदवार खुद ऑनलाइन जानकारी भरकर अपने संशोधित सर्टिफिकेट प्राप्त कर सकेंगे।
इस भर्ती प्रक्रिया के जरिए अलग-अलग विभागों में कुल 3,279 पद भरे जाने हैं। लिखित परीक्षा 1 फरवरी को आयोजित की गई, जिसके आधार पर उम्मीदवारों को चयन प्रक्रिया के अगले चरण, टाइपिंग टेस्ट के लिए शॉर्टलिस्ट किया गया है।
Santosh Kumar