‘क्या यूपी में एक समय में परीक्षा कराने के लिए बुनियादी सुविधाओं का अभाव है’ - UPPSC एग्जाम को लेकर मायावती
Press Trust of India | November 12, 2024 | 03:40 PM IST | 2 mins read
यूपीपीएससी छात्रों ने सोमवार सुबह से लोक सेवा आयोग के गेट पर धरना प्रदर्शन शुरू किया। मंगलवार की सुबह छात्र फिर से धरना प्रदर्शन में जुट गए।
नई दिल्ली: उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (UPPSC) के पीसीएस प्री और आरओ-एआरओ की परीक्षा दो दिन में संपन्न कराने के निर्णय के विरोध में जारी छात्रों के आंदोलन का बसपा प्रमुख मायावती ने समर्थन किया है। यूपी की पूर्व सीएम मायावती ने मंगलवार को पूछा कि ‘क्या उप्र के पास एक समय में परीक्षा कराने की बुनियादी सुविधाओं का इतना अभाव है कि पीसीएस आदि जैसी विशिष्ट परीक्षा दो दिन में करानी पड़ रही है।’
मायावती ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' पर पोस्ट किया, “उत्तर प्रदेश संघ लोक सेवा आयोग द्वारा पीसीएस तथा आरओ-एआरओ की भी प्रारंभिक परीक्षा-2024 एक समय में कराने में विफलता को लेकर आक्रोशित छात्रों पर पुलिस कार्रवाई से उत्पन्न स्थिति संबंधी खबर का व्यापक चर्चा में रहना स्वाभाविक है।”
उन्होंने सरकार से पूछा, “क्या उप्र के पास एक समय में परीक्षा कराने की बुनियादी सुविधाओं का इतना अभाव है कि पीसीएस आदि जैसी विशिष्ट परीक्षा दो दिन में करानी पड़ रही है? पेपर लीक पर रोक व परीक्षाओं की विश्वसनीयता अहम मुद्दा है, जिसके लिए एक बार में ही परीक्षा व्यवस्था जरूरी है। सरकार इस ओर ध्यान दे।”
मायावती ने आगे कहा कि गरीबी, बेरोजगारी व महंगाई आदि की गहरी मार झेल रहे छात्रों के प्रति सरकार का रवैया क्रूर नहीं बल्कि सहयोग एवं सहानुभूति का होना चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकार खाली पड़े सभी बैकलाग पर जितनी जल्दी भर्ती की प्रक्रिया पूरी करे, उतना बेहतर होगा। लोगों को रोजी-रोजगार की सख्त जरूरत है।
उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएससी) के पीसीएस प्री और आरओ-एआरओ की परीक्षा दो दिन में संपन्न कराने के निर्णय के विरोध में सोमवार को शुरू हुआ छात्र आंदोलन प्रयागराज में यूपीपीएससी मुख्यालय के सामने आज दूसरे दिन भी जारी है।
देर रात जिला मजिस्ट्रेट और पुलिस आयुक्त ने आयोग में बैठक की, जो बेनतीजा रही। आंदोलनकर्मी छात्रों ने रात खुले आसमान के नीचे गुजारी और मंगलवार की सुबह फिर से धरना प्रदर्शन में जुट गए। जो छात्र छात्राएं रात में अपने घर चले गए थे, वे मंगलवार की सुबह आयोग के मुख्यालय के गेट पर पुन: एकत्रित हो गए और आंदोलन शुरू कर दिया।
प्रतियोगी छात्रों ने सोमवार सुबह से लोक सेवा आयोग के गेट पर धरना प्रदर्शन शुरू किया। दिन ढलने के साथ हजारों की संख्या में छात्रों ने मोबाइल फोन की टार्च जलाकर एकता दिखाई। आयोग ने पिछले मंगलवार को इन परीक्षाओं की तिथियों की घोषणा की। जहां पीसीएस प्री की परीक्षा के लिए 7 और 8 दिसंबर की तिथि घोषित की गई है। वहीं, समीक्षा अधिकारी व सहायक समीक्षा अधिकारी (RO-ARO) प्री की परीक्षा के लिए 22 और 23 दिसंबर की तिथि घोषित की गई है।
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