गति शक्ति यूनिवर्सिटी, वड़ोदरा (गुजरात) के दूसरे दीक्षांत समारोह में जीएसवी के कुलाधिपति अश्विनी वैष्णव शामिल हुए।
Press Trust of India | December 1, 2024 | 09:23 AM IST
नई दिल्ली: रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने शनिवार (30 नवंबर) को कहा कि गुजरात के वडोदरा में स्थित गति शक्ति विश्वविद्यालय (GSV) की स्थापना कक्षा में पढ़ाई को उद्योग की आवश्यकताओं के अनुरूप बनाने के स्पष्ट दृष्टिकोण के साथ की गई है। यह विश्वविद्यालय जल्द ही भारत के शीर्ष 10 संस्थानों में शामिल होगा।
जीएसवी के कुलाधिपति के रूप में दूसरे दीक्षांत समारोह को संबोधित करते हुए वैष्णव ने कहा कि इसके द्वारा पेश किए जाने वाले बीटेक और एमबीए पाठ्यक्रमों को सावधानीपूर्वक डिजाइन किया गया है। जीएस विश्वविद्यालय दुनिया भर में विमानन, सेमीकंडक्टर और अन्य क्षेत्रों में बड़ी कंपनियों को आवश्यक प्रतिभाएं उपलब्ध कराएगा।
उन्होंने आगे कहा कि वडोदरा स्थित ‘हाई-स्पीड स्किल ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट’ का जल्द ही जीएसवी में विलय कर दिया जाएगा। इस दौरान, केंद्रीय मंत्री ने कार्यक्रम में उपस्थित गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल से भूमि उपलब्ध कराने का अनुरोध किया, ताकि आने वाले वर्षों में विश्वविद्यालय के छात्रों की आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए इसके परिसर का विस्तार किया जा सके।
वैष्णव ने कहा कि, ‘‘लगभग 30 वर्ष पहले एक समय था, जब मैं भी आपकी तरह एक छात्र था और तब कॉलेज की शिक्षा और उद्योग की आवश्यकताओं के बीच बहुत बड़ा अंतर था। इसके पीछे उन लोगों की संकीर्ण मानसिकता थी, जो उस समय सत्ता में थे। उन्होंने भविष्य के बारे में नहीं सोचा।’’
केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा, ‘‘प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एक ऐसे विश्वविद्यालय के दृष्टिकोण के साथ काम किया जो साजो-सामान और परिवहन क्षेत्रों में दुनिया में सर्वश्रेष्ठ हो। मुझे पीएम नरेंद्र मोदी की इस दूरदर्शी सोच को लागू करने का सौभाग्य मिला।’’
मिनिस्टर ऑफ रेलवे ने ऑफिशियल ‘एक्स’ हैंडल पर लिखा, “गति शक्ति विश्वविद्यालय, वडोदरा, गुजरात के दूसरे दीक्षांत समारोह में गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल (मुख्य अतिथि), अश्विनी वैष्णव (कुलाधिपति) और सांसद डॉ हेमांग जोशी (विशिष्ट अतिथि) के रूप में उपस्थित थे।”