Law Entrance Tests 2025: क्लैट, आईलेट, स्लैट प्रवेश परीक्षाओं में क्या है अंतर? जानें पात्रता मानदंड
Saurabh Pandey | November 4, 2024 | 01:08 PM IST | 2 mins read
CLAT के लिए शामिल होने वाले छात्रों को बीए/ बीएससी/ बीकॉम/ बीएसडब्ल्यू एलएलबी (ऑनर्स) और एलएलएम पाठ्यक्रमों में प्रवेश दिया जा सकता है, जबकि AILET के लिए उपस्थित होने वाले छात्रों को बीए एलएलबी (ऑनर्स), एलएलएम और पीएचडी पाठ्यक्रमों में प्रवेश दिया जा सकता है।
नई दिल्ली : कानून की पढ़ाई करने के इच्छुक छात्रों को प्रवेश लेने से पहले प्रवेश परीक्षाओं के बारे में जानकारी करनी चाहिए। प्रवेश परीक्षा एलएलबी कार्यक्रमों में प्रवेश लेने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। कानून की पढ़ाई के लिए सबसे लोकप्रिय परीक्षाएं कॉमन लॉ एंट्रेंस टेस्ट (CLAT), ऑल इंडिया लॉ एंट्रेंस टेस्ट (AILET), और सिम्बायोसिस लॉ एडमिशन टेस्ट (SLAT) हैं।
CLAT पास करके छात्र देशभर की 24 नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी में एडमिशन ले सकते हैं, जबकि AILET खासतौर पर नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी, दिल्ली के लिए है। एसएलएटी उन लोगों के लिए है, जो सिम्बायोसिस इंटरनेशनल यूनिवर्सिटी में शामिल होना चाहते हैं।
CLAT के लिए शामिल होने वाले छात्रों को बीए/ बीएससी/ बीकॉम/ बीएसडब्ल्यू एलएलबी (ऑनर्स) और एलएलएम पाठ्यक्रमों में प्रवेश दिया जा सकता है, जबकि AILET के लिए उपस्थित होने वाले छात्रों को BA LLB (ऑनर्स), LLM और पीएचडी पाठ्यक्रमों में प्रवेश दिया जा सकता है।
CLAT, AILET , SLAT: परीक्षा पैटर्न
CLAT, AILET और SLAT के पाठ्यक्रम में अंग्रेजी भाषा, करंट अफेयर्स, सामान्य ज्ञान, कानूनी तर्क, तार्किक तर्क और मात्रात्मक योग्यता जैसे विषय शामिल हैं। तीनों परीक्षाओं में वस्तुनिष्ठ प्रकार के प्रश्न होते हैं, और उनमें नकारात्मक अंकन शामिल होता है, जिसका अर्थ है कि प्रत्येक गलत उत्तर के लिए 0.25 अंक काटे जाएंगे। तीनों परीक्षाओं में प्रत्येक सही उत्तर के लिए 1 अंक मिलता है।
CLAT परीक्षा का कठिनाई स्तर मध्यम से कठिन तक होता है। अच्छा स्कोर करने के लिए, उम्मीदवारों के पास अच्छा विश्लेषणात्मक कौशल होना चाहिए।
AILET 2025: आईलेट क्लैट की तुलना में कठिन
AILET CLAT की तुलना में कठिन है। इसे एनएलयू दिल्ली द्वारा छात्रों के कानूनी ज्ञान को टेस्ट करने के लिए डिजाइन किया गया है। अच्छा स्कोर करने के लिए, छात्रों को अंग्रेजी भाषा, सामान्य ज्ञान, करंट अफेयर्स, कानूनी योग्यता, तार्किक तर्क और संख्यात्मक क्षमता होनी चाहिए।
क्या है CLAT, AILET और SLAT
CLAT, AILET और LSAT के बीच एक बड़ा अंतर यह है कि ये सभी परीक्षाएं छात्रों को विभिन्न विश्वविद्यालयों और कॉलेजों में प्रवेश देने के लिए आयोजित की जाती हैं। CLAT का उपयोग राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालयों (NLUs), IP विश्वविद्यालय आदि में प्रवेश के लिए किया जाता है। कई कानून संस्थान प्रवेश आयोजित करने के लिए CLAT को स्वीकार करते हैं।
AILET दिल्ली के राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय द्वारा आयोजित किया जाता है और इसे केवल NLU दिल्ली में कानून प्रवेश के लिए माना जाता है।
SLAT छात्रों को भारत के विभिन्न निजी कानून विश्वविद्यालयों में प्रवेश लेने के लिए पात्रता प्रदान करता है।
अगली खबर
]विशेष समाचार
]- IIM Lucknow: आईआईएम लखनऊ ने फैमिली बिजनेस में एमबीए प्रोग्राम लॉन्च किया, पहला बैच जुलाई 2027 में, फीस जानें
- IRIS 2026: 27 क्षेत्रों के 54 स्कॉलर्स को मिला फैकल्टी रिसर्च अवार्ड; आईआईटी, एम्स, आईआईएम के शोधकर्ता शामिल
- IRIS 2026: इंडिया रिसर्च एंड इम्पैक्ट समिट 1 अक्टूबर को, नीति आयोग सदस्य समेत कई दिग्गज एजुकेटर्स होंगे शामिल
- UPSC Mains Marks: केंद्रीय सूचना आयोग ने यूपीएससी मेंस के अंकों का विवरण प्रकाशित करने की सिफारिश की
- JEE Advanced: जेईई-एडवांस्ड में 3 प्रयास की मांग तेज, 12,000 से अधिक अभ्यर्थियों ने मंत्रालय को दिया प्रतिवेदन
- NITI Aayog Report: स्कूलों में छठी कक्षा से ही रोजगारपरक कौशल पर हो ध्यान, नीति आयोग का सुझाव
- आजादी के 80वें साल में भी 'कागजी' दावों के बीच फंसी शिक्षा व्यवस्था; पेपर लीक व बजट की कमी से जूझ रहे छात्र
- Teacher Vacancy Crisis: बिहार में टीचर्स के 2.70 लाख+ पद खाली; झारखंड, एमपी समेत कई राज्यों में हजारों वैकेंसी
- NEET 2026 Paper Leak: नीट पेपर तैयार और अनुवाद का काम एक ही समूह के शिक्षकों को देने से हुई गड़बड़ी - सूत्र
- MCC NEET Counselling 2026: नीट काउंसलिंग शेड्यूल जल्द, जेपी नड्डा ने की समीक्षा, छात्र-केंद्रित कई बड़े सुधार