Saurabh Pandey | September 7, 2026 | 04:45 PM IST | 2 mins read
कर्मचारी चयन आयोग (SSC) ने परीक्षाओं में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए बिना अनुमति कंप्यूटर या मॉनिटर को रीस्टार्ट, बंद या बदलने पर सख्त पाबंदी लगा दी है।

नई दिल्ली : कर्मचारी चयन आयोग (SSC) ने आगामी परीक्षाओं की निष्पक्षता, सुरक्षा और सुचारू संचालन को बनाए रखने के लिए उम्मीदवारों और परीक्षा कर्मियों के लिए एक महत्वपूर्ण एडवाइजरी जारी की है। आयोग ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा के दौरान बिना किसी वास्तविक तकनीकी समस्या के कंप्यूटर सिस्टम के साथ किसी भी प्रकार की छेड़छाड़ बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
आयोग ने पिछली परीक्षाओं का हवाला देते हुए बताया कि कुछ मामलों में अभ्यर्थियों द्वारा स्वतंत्र रूप से या परीक्षा स्टाफ की मिलीभगत से बिना किसी वास्तविक तकनीकी खराबी के कंप्यूटर सिस्टम को रीस्टार्ट, बंद या बदला गया था। आयोग का मानना है कि इस तरह का अनधिकृत हस्तक्षेप परीक्षा की पारदर्शिता और सुरक्षा को प्रभावित करता है। इसलिए अब बिना अधिकृत कर्मचारी की अनुमति के कंप्यूटर या मॉनिटर को रीस्टार्ट करने, बंद करने या बदलने पर सख्त पाबंदी लगा दी गई है।
आयोग द्वारा निम्नलिखित गतिविधियां पूरी तरह से प्रतिबंधित कर दी गई हैं-
आयोग द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार, यदि किसी उम्मीदवार को परीक्षा शुरू होने से पहले या परीक्षा के दौरान कंप्यूटर सिस्टम में कोई तकनीकी समस्या आती है, तो उसे तुरंत सेंटर स्टाफ, निरीक्षक या अधिकृत कर्मचारी को सूचित करना होगा। इसके बाद सेंटर स्टाफ स्थिति का आंकलन करेगा और क्षेत्रीय कार्यालय के प्रतिनिधि या सेंटर को-ऑर्डिनेटर की अनुमति से ही आवश्यक कदम उठाएगा।
एसएससी ने साफ किया है कि यदि कोई भी अभ्यर्थी या परीक्षा कर्मी बिना अनुमति के किसी भी अनधिकृत गतिविधि या कंप्यूटर सिस्टम से छेड़छाड़ में शामिल पाया जाता है, तो उसके खिलाफ संबंधित परीक्षा नियमों के तहत सख्त कानूनी और अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। आयोग ने सभी से इन निर्देशों का सख्ती से पालन करने की अपील की है।
इच्छुक उम्मीदवार 28 सितंबर तक आधिकारिक वेबसाइट upsssc.gov.in के माध्यम से आवेदन व शुल्क जमा कर सकते हैं। कंप्यूटर ऑपरेटर भर्ती के लिए फॉर्म में सुधार और शुल्क समायोजन की सुविधा 5 अक्टूबर तक उपलब्ध रहेगी।
Santosh Kumar