Santosh Kumar | August 19, 2026 | 04:23 PM IST | 1 min read
भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने दावा किया कि यह तेजस्वी यादव का ''करियर बचाने'' के लिए निकाला गया मार्च है।
Predict your MBBS, BDS & AYUSH admission chances with the NEET College Predictor. Get personalized college recommendations based on rank, category & quota.
Try Now
पटना: बिहार में नीट परीक्षा का प्रश्नपत्र लीक होने के विरोध में हो रहे प्रदर्शनों के दौरान पुलिस की कार्रवाई के खिलाफ मार्च निकालते हुए राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) नेता तेजस्वी यादव को बुधवार को पटना में हिरासत में ले लिया गया। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक कार्तिकेय के. शर्मा ने इस घटना की पुष्टि की। गाड़ी में बिठाए जाते समय तेजस्वी यादव ने आरोप लगाया, "सरकार छात्रों के भविष्य को अंधेरे में धकेल रही है। परीक्षा के प्रश्नपत्र बार-बार लीक हो रहे हैं।"
बिहार विधानसभा में तेजस्वी यादव के नेतृत्व में राजद नेताओं और कार्यकर्ताओं ने जेपी गोलंबर से लोक भवन तक विरोध मार्च निकाला। बैरिकेड पार करने की कोशिश पर पुलिस ने प्रदर्शनकारियों पर पानी की बौछार की।
सांसद मनोज झा ने कहा, ''बिहार में प्रदर्शन कर रहे छात्रों के खिलाफ सरकार ने एके-47 राइफलों का इस्तेमाल किया और दिल्ली में परीक्षा प्रणाली की मांग करने पर उनके खिलाफ पैलेट गन और कील लगे डंडों का इस्तेमाल किया गया।''
उन्होंने कहा, ''हम यह मार्च इन सभी पहलुओं को बिहार के राज्यपाल के संज्ञान में लाने के लिए निकाल रहे हैं।'' राजद विधायक भाई वीरेंद्र ने कहा कि प्रदर्शनकारी लोक भवन में राज्यपाल को ज्ञापन सौंपेंगे।
भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने दावा किया कि यह तेजस्वी यादव का ''करियर बचाने'' के लिए निकाला गया मार्च है। सरावगी ने आरोप लगाया कि वह छात्र, क्रिकेटर और राजनेता के रूप में विफल रहे हैं।
अब वह ऐसे मुद्दे पर राजनीति करने की कोशिश कर रहे हैं, जिसे बिहार सरकार पहले ही सुलझा चुकी है। पुलिस सूत्रों के अनुसार, प्रदर्शनकारियों के एक प्रतिनिधिमंडल को बिहार के राज्यपाल से मिलने की अनुमति दी जाएगी।