Saurabh Pandey | January 19, 2026 | 01:22 PM IST | 2 mins read
आरबीएसई विद्यार्थियों के लिए अपनी परीक्षा प्रणाली में बड़ा बदलाव करने की तैयारी कर रहा है। नए प्रस्तावित नियमों के तहत, फेल होने वाले विद्यार्थियों को ऑटोमैटिकली अगली कक्षा में प्रमोट करने की व्यवस्था पूरी तरह खत्म कर दी जाएगी।

नई दिल्ली : राजस्थान माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (आरबीएसई) ने राजस्थान बोर्ड कक्षा 10वीं इंग्लिश मीडियम छात्रों के लिए बड़ा और राहत भरा फैसला लिया है। सोशल साइंस विषय की उत्तर पुस्तिकाओं की जांच को लेकर लंबे समय से आ रही शिकायतों के बाद बोर्ड ने अब बड़ा बदलाव किया है।
बोर्ड के नए निर्णय के अनुसार अंग्रेजी मीडियम छात्रों की सोशल साइंस कॉपियां अब केवल अंग्रेजी माध्यम के शिक्षकों द्वारा ही जांची जाएंगी। इस फैसले से मूल्यांकन प्रक्रिया ज्यादा निष्पक्ष, पारदर्शी और स्टूडेंट-फ्रेंडली होगी।
इससे प्रदेश भर के एक लाख से अधिक इंग्लिश मीडियम छात्रों को इसका सीधा फायदा मिलेगा। बोर्ड ने साफ किया है कि इस नई व्यवस्था के तहत परिणाम भी पहले की तुलना में जल्दी जारी किए जाएंगे।
आरबीएसई ने वर्ष 2026 की बोर्ड परीक्षाओं के लिए टाइम टेबल जारी कर दिया है। राजस्थान बोर्ड कक्षा 10वीं और 12वीं की परीक्षाएं 12 फरवरी से शुरू होंगी। बोर्ड सचिव गजेंद्र सिंह राठौड़ ने परीक्षा कार्यक्रम के बारे में जानकारी साझा की है।
बोर्ड सचिव के अनुसार राजस्थान बोर्ड कक्षा 10वीं की परीक्षाएं 12 फरवरी से शुरू होकर 28 फरवरी 2026 तक आयोजित की जाएंगी, जबकि कक्षा 12वीं की परीक्षाएं 12 फरवरी से प्रारंभ होकर 11 मार्च 2026 तक चलेंगी।
आरबीएसई बोर्ड सचिव ने बताया कि परीक्षा के दौरान कुल 6 दिन की छुट्टियां रहेंगी। इनमें 4 रविवार, होली और धुलंडी के दो अवकाश शामिल हैं। इन छुट्टियों के कारण परीक्षा कार्यक्रम में कोई बदलाव नहीं होगा। बोर्ड का मानना है कि त्योहारों की छुट्टियां छात्रों के मानसिक संतुलन को बनाए रखने में मदद करेंगी।
आरबीएसई विद्यार्थियों के लिए अपनी परीक्षा प्रणाली में बड़ा बदलाव करने की तैयारी कर रहा है। नए प्रस्तावित नियमों के तहत, फेल होने वाले विद्यार्थियों को ऑटोमैटिकली अगली कक्षा में प्रमोट करने की व्यवस्था पूरी तरह खत्म कर दी जाएगी। जो विद्यार्थी 5वीं क्लास की बोर्ड परीक्षा में फेल होंगे, उन्हें अगली क्लास में प्रमोट नहीं किया जाएगा। फेल होने वाले विद्यार्थियों को दोबारा परीक्षा देनी होगी।
आरबीएसई के आधिकारिक एक्स हैंडल के अनुसार, सरकार नो डिटेंशन पॉलिसी को समाप्त करने की तैयारी कर रही है। नए नियमों के तहत यदि कोई छात्र दोबारा भी परीक्षा में पास नहीं हो पाता है, तो उसे उसी कक्षा में पढ़ाई जारी रखनी होगी। सरकार का कहना है कि बिना फेल किए अगली कक्षा में प्रमोट करने की व्यवस्था के कारण बच्चों के पढ़ाई के स्तर में गिरावट आ रही थी और छात्र पढ़ाई को लेकर कम गंभीर हो गए थे। इसी वजह से यह फैसला लिया गया है।