Santosh Kumar | November 23, 2024 | 01:15 PM IST | 2 mins read
शिक्षा मंत्री प्रधान के निर्देशानुसार मंत्रालय हाई पावर कमेटी की हर सिफारिश पर गौर कर रहा है। संभावित बदलावों का खाका तैयार किया जा रहा है।
Predict your MBBS, BDS & AYUSH admission chances with the NEET College Predictor. Get personalized college recommendations based on rank, category & quota.
Try Now
नई दिल्ली: नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) इस बार मेडिकल प्रवेश परीक्षा नीट यूजी को कंप्यूटर आधारित टेस्ट (सीबीटी) मोड में आयोजित कर सकती है। केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय इस बारे में स्वास्थ्य मंत्रालय और एनटीए से चर्चा कर रहा है। टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने भी इस बारे में संकेत दिए हैं। इसके लिए एनटीए पूर्व इसरो प्रमुख के राधाकृष्णन की अध्यक्षता वाली निगरानी समिति से सुझाव ले रही है।
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के निर्देशानुसार शिक्षा मंत्रालय हाई पावर कमेटी की हर सिफारिश पर गौर कर रहा है। संभावित बदलावों का खाका तैयार किया जा रहा है। हाई पावर कमेटी ने हाइब्रिड मॉडल का भी सुझाव दिया है।
इसरो के पूर्व प्रमुख के राधाकृष्णन के नेतृत्व में गठित उच्च स्तरीय समिति ने परीक्षा में सुधार के लिए महत्वपूर्ण सिफारिशें की हैं। इसके तहत प्रश्नपत्र डिजिटल तरीके से परीक्षा केंद्रों पर भेजे जाएंगे और छात्र ओएमआर शीट पर अपने उत्तर देंगे।
इससे प्रश्नपत्र लीक होने की संभावना खत्म हो जाएगी। प्रधान ने कहा कि समिति की सिफारिशों पर अमल शुरू हो गया है। नीट के बारे में उन्होंने कहा, एनटीए परीक्षा आयोजित करेगी। हमारे पास दो तरीके हैं, पेपर आधारित और कंप्यूटर आधारित परीक्षा।
Also readNEET UG 2025: नीट यूजी के लि4 ए अनगिनत अवसरों पर लगेगा अंकुश, अटैम्प्ट में ही दे सकेंगे एग्जाम
शिक्षा मंत्रालय ने नीतियों के सामाजिक प्रभाव का मूल्यांकन करने के लिए सामाजिक विज्ञान अनुसंधान पर जोर दिया है। गौरतलब है कि एनटीए ने यूजीसी नेट परीक्षा को सीबीटी मोड में आयोजित करने का भी निर्णय लिया है।
इसको लेकर नोटिफिकेशन भी जारी कर दिया गया है। अब नीट के नोटिफिकेशन का इंतजार है। जो बदलावों पर अंतिम निर्णय के बाद जारी किया जाएगा। बता दें कि नीट यूजी देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा है।
नीट का उपयोग एमबीबीएस, बीडीएस, आयुर्वेदिक, होम्योपैथिक आदि में प्रवेश के लिए किया जाता है। 2024 में 24 लाख से अधिक आवेदन प्राप्त हुए। अब तक यह परीक्षा पेन-पेपर मोड में आयोजित की जाती थी, अब लेकिन बदलाव संभव है।
सोर्स- टाइम्स ऑफ इंडिया