Santosh Kumar | December 23, 2025 | 08:56 AM IST | 2 mins read
मंत्री ने कहा कि ये गुरुकुल राजगढ़ और नरसिंहपुर जिलों में बनेंगे तथा बाद में इन गुरुकुलों में गौ संरक्षण का विषय भी शुरू किया जाएगा।

भोपाल: मध्यप्रदेश सरकार केंद्र के संदीपनी वेदविद्या प्रतिष्ठान की तर्ज पर संस्कृत, योग और वेदों में शिक्षा के लिए दो आदि शंकराचार्य गुरुकुल स्थापित करेगी। राज्य के मंत्री उदय प्रताप सिंह ने सोमवार को यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि ये गुरुकुल राजगढ़ और नरसिंहपुर जिलों में बनेंगे तथा बाद में इन गुरुकुलों में गौ संरक्षण का विषय भी शुरू किया जाएगा। शिक्षा मंत्रालय के तहत महर्षि संदीपनी राष्ट्रीय वेद विद्या प्रतिष्ठान (एमएसआरवीवीपी) वेद पाठशालाएं स्थापित कर वैदिक अध्ययन के संरक्षण, संवर्धन और विकास में लगा हुआ है।
स्कूल शिक्षा और परिवहन मंत्री उदय प्रताप सिंह ने कहा,‘‘यह वैज्ञानिक रूप से सिद्ध है कि गायें व्यक्ति को ऊर्जा और प्रेरणा देती हैं, यह अनुसंधान का केंद्र होंगा। हम शिक्षा विभाग में इस मुद्दे पर एक विचार के साथ आगे बढ़ रहे हैं।’’
मंत्री ने बताया कि भोपाल में 20 मंजिला इमारत बनाई जाएगी, जिसमें स्कूल शिक्षा विभाग के सभी कार्यालय होंगे। सभी 275 संदीपनी और 799 पीएम श्री स्कूलों को ‘मॉडल एनईपी स्कूलों’ के रूप में विकसित करने पर विचार कर रही है।
उन्होंने बताया कि कुल 275 संदीपनी स्कूलों में से 79 का कंस्ट्रक्शन पूरा हो गया है, और 126 बिल्डिंग्स को मार्च तक पूरा करने का लक्ष्य है। मंत्री ने टीचर्स की कमी को दूर करने के लिए सरकार द्वारा उठाए गए कदमों के बारे में भी बात की।
उन्होंने बताया कि 30,281 पदों के लिए भर्ती चल रही है, जबकि लगभग 24,000 योग्य शिक्षकों को उच्च पद का प्रभार देने के आदेश जारी किए गए हैं। 20,000 से अधिक शिक्षकों का उन स्कूलों में ट्रांसफर किया गया है जहां शिक्षकों की कमी है।
मंत्री के अनुसार, पिछले तीन सालों में सभी कक्षाओं में स्कूल छोड़ने वालों की दर कम हुई है। 2024-25 में प्राथमिक स्तर पर स्कूल छोड़ने वालों की दर 6.8 प्रतिशत से घटकर शून्य हो गई है।
मंत्री ने कहा कि 2024-25 में 10 वीं कक्षा बोर्ड परीक्षाओं में पास होने का प्रतिशत 56 से बढ़कर 76.22 (20 प्रतिशत की बढ़ोतरी) हो गया, और कक्षा 12 वीं के लिए, पास होने का प्रतिशत 63 से बढ़कर 74.56 प्रतिशत हो गया।
इनपुट्स-पीटीआई