CCPA Imposes Penalty: सीसीपीए ने भ्रामक दावा करने पर विजन आईएएस कोचिंग सेंटर पर लगाया 3 लाख रुपये का जुर्माना
Abhay Pratap Singh | January 26, 2025 | 04:27 PM IST | 2 mins read
UPSC CSE 2020 Result: विजन आईएएस ने सफल उम्मीदवारों के नाम और फोटो प्रदर्शित किए, जबकि यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा 2020 में चुने गए पाठ्यक्रम के संबंध में जानकारी विज्ञापन में स्पष्ट नहीं की।
नई दिल्ली: केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (CCPA) ने यूपीएससी सीएसई 2020 परिणाम के संबंध में भ्रामक दावा करने के लिए विजन आईएएस पर 3 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। यह निर्णय उपभोक्ताओं के अधिकारों की रक्षा और संवर्धन के लिए लिया गया, साथ ही यह सुनिश्चित किया गया कि कोई गलत या भ्रामक विज्ञापन न किया जाए जो उपभोक्ता संरक्षण अधिनियम, 2019 के प्रावधानों का उल्लंघन करता हो।
कंज्यूमर प्रोटेक्शन एक्ट, 2019 के उल्लंघन के मद्देनजर मुख्य आयुक्त निधि खरे और आयुक्त अनुपम मिश्रा की अध्यक्षता वाली सीसीपीए ने विजन आईएएस के खिलाफ आदेश जारी किया है। इसमें कहा गया कि, विजन आईएएस ने सफल उम्मीदवारों के नाम और फोटो प्रमुखता से प्रदर्शित किए, जबकि यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा 2020 में उक्त सफल उम्मीदवारों द्वारा चुने गए पाठ्यक्रम के संबंध में जानकारी विज्ञापन में स्पष्ट नहीं की गई थी।
पीआईबी के अनुसार, विजन आईएएस ने यूपीएससी सीएसई 2020 में एआईआर 1 यानी जीएस फाउंडेशन बैच क्लासरूम स्टूडेंट द्वारा चुने गए कोर्स का उल्लेख किया लेकिन अन्य 9 सफल उम्मीदवारों द्वारा चुने गए कोर्स के बारे में जानबूझकर जानकारी छिपाई। इस जानकारी को छिपाने से यह भ्रामक धारणा बनी कि शेष नौ उम्मीदवार भी ‘जीएस फाउंडेशन बैच क्लासरूम स्टूडेंट’ कोर्स में नामांकित थे जो सच नहीं था।
इन 9 उम्मीदवारों में से 1 ने फाउंडेशन कोर्स लिया, 6 ने प्री और मेन्स स्टेज से संबंधित टेस्ट सीरीज ली और 2 ने अभ्यास टेस्ट लिया थी। जानकारी के अनुसार, रैंक 1 ने फाउंडेशन कोर्स 2018 (क्लासरूम/ऑफलाइन) में और रैंक 8 ने ऑनलाइन फाउंडेशन कोर्स 2015 में दाखिला लिया। सीसीपीए ने पाया कि यूपीएससी सीएसई 2020 के रैंक 2, 3, 5, 7, 8 और रैंक 10 ने जीएस मुख्य परीक्षा सीरीज में नामांकन किया।
इसके अलावा, यूपीएससी सीएसई 2020 में रैंक 4 और रैंक 9 ने अभ्यास टेस्ट में दाखिला लिया, जो प्रीलिम्स परीक्षा के लिए एक मॉक टेस्ट है। रैंक 6 ने जीएस प्रीलिम्स टेस्ट सीरीज में दाखिला लिया। प्रत्येक सफल उम्मीदवार द्वारा चुने गए विशिष्ट पाठ्यक्रम के बारे में जानकारी छिपाकर विजन आईएएस ने दिखाया कि उसके द्वारा पेश किए गए सभी पाठ्यक्रमों की सफलता दर उपभोक्ताओं के लिए समान थी, जो सही नहीं था।
पीआईबी के अनुसार, सीसीपीए ने भ्रामक विज्ञापन और अनुचित व्यापार व्यवहार के लिए कई कोचिंग संस्थानों के खिलाफ कार्रवाई की थी। इस संबंध में सीसीपीए ने अब तक विभिन्न कोचिंग संस्थानों को भ्रामक विज्ञापन और अनुचित व्यापार व्यवहार के लिए 46 नोटिस जारी किए हैं। सीसीपीए ने 23 कोचिंग संस्थानों पर 74 लाख 60 हजार का जुर्माना लगाया है और उन्हें भ्रामक विज्ञापन बंद करने का निर्देश दिया है।
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