Press Trust of India | August 24, 2026 | 12:45 PM IST | 2 mins read
बीएससी एग्रीकल्चर फर्स्ट ईयर के 'प्लांट पैथोलॉजी' विषय की परीक्षा, जो 7 अगस्त को हुई, और बीएससी एग्रीकल्चर सेकंड ईयर के 'एंटोमोलॉजी' विषय की परीक्षा, जो 20 अगस्त को हुई, अब सितंबर में आयोजित की जाएगी।

रायपुर: रायपुर स्थित इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय (आईजीकेवी) ने प्रश्नपत्र लीक के चलते 7 अगस्त को आयोजित बीएससी कृषि प्रथम वर्ष के 'प्लांट पैथोलॉजी' विषय की परीक्षा रद्द करने का फैसला किया है। यह फैसला आईजीकेवी के कुलपति डॉ. गिरीश चंदेल की अध्यक्षता में हुई आपात बैठक में लिया गया। बैठक में 20 अगस्त को आईजीकेवी के तहत बीएससी कृषि द्वितीय वर्ष के विषय 'एंटोमोलॉजी' के प्रश्नपत्र लीक होने के मामले पर चर्चा की गई।
इस मामले में दुर्ग जिले के निजी कॉलेज के एक प्रोफेसर और 5 छात्रों को गिरफ्तार किया गया। अधिकारी ने बताया कि पुलिस की जांच के दौरान बीएससी कृषि प्रथम वर्ष के 'प्लांट पैथोलॉजी' विषय का प्रश्नपत्र भी लीक होने की बात सामने आई।
अधिकारियों ने बताया कि दोनों रद्द परीक्षाएं सितंबर माह के प्रथम सप्ताह में फिर से आयोजित की जाएंगी। अधिकारियों ने बताया कि प्रश्नपत्र लीक मामले में भारतीय कृषि महाविद्यालय, दुर्ग को नोटिस जारी कर वैधानिक कार्यवाही की जाएगी।
अधिकारियों ने बताया कि 20 अगस्त के प्रश्नपत्र लीक प्रकरण में रायपुर पुलिस द्वारा महाविद्यालय के संलिप्त पाए गए जिन छात्रों को हिरासत में लिए गया है उनके खिलाफ भी कठोर अनुशासनात्मक कार्यवाही करने का निर्णय लिया गया है।
इसके साथ ही, 20 अगस्त के 'एंटोमोलॉजी' प्रश्नपत्र तथा 7 अगस्त के 'प्लांट पैथोलॉजी' प्रश्नपत्र की गोपनीयता सुनिश्चित करने के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा नियुक्त पर्यवेक्षकों को भी कारण बताओ नोटिस भेजने का निर्णय लिया गया है।
विश्वविद्यालय कड़े कदम उठा रहा है। 20 अगस्त के प्रश्नपत्र लीक के बाद विश्वविद्यालय परीक्षा विभाग ने 22 अगस्त को परीक्षा के प्रश्न पत्र संबंधित महाविद्यालयों को 'हार्ड कॉपी' के स्थान पर पासवर्ड प्रोटेक्टेड ईमेल के माध्यम से भेजे।
संबंधित महाविद्यालयों को सुबह 10 बजे से होने वाले पश्न पत्र का ईमेल सुबह साढ़े नौ बजे उपलब्ध कराया गया जिससे किसी भी प्रकार की गड़बड़ी की कोई आशंका न रहे। आज होने वाली परीक्षाएं भी इसी प्रक्रिया से संपन्न कराई जाएंगी।
विश्वविद्यालय के परीक्षा विभाग तथा महाविद्यालयों के परीक्षा हॉल में सीसीटीवी कैमरों की संख्या बढ़ाई जाएगी। प्रबंधन द्वारा भविष्य में आयोजित होने वाली परीक्षाओं के लिए आधुनिक तकनीकों का इस्तेमाल करने पर विचार कर रहा है।