Saurabh Pandey | October 10, 2026 | 02:10 PM IST | 1 min read
एमपी बोर्ड ने जिला कलेक्टरों को पत्र भेजकर यह जानकारी दी है कि जनगणना कार्य के बीच 10वीं और 12वीं की बोर्ड परीक्षाएं समय पर होंगी। इसके लिए पर्याप्त शिक्षकों की व्यवस्था की गई है।

नई दिल्ली : माध्यमिक शिक्षा मंडल, मध्य प्रदेश ने वर्ष 2027 की हाईस्कूल और हायर सेकंडरी (12वीं) परीक्षाओं के आयोजन को लेकर स्थिति स्पष्ट की है। मंडल द्वारा पूर्व में जारी टाइम-टेबल के अनुसार 10वीं की मुख्य परीक्षा 24 फरवरी से 18 मार्च 2027 तक और 12वीं की परीक्षा 17 फरवरी से 19 मार्च 2027 तक आयोजित की जाएगी। यह परीक्षा कार्यक्रम जिला शिक्षा अधिकारियों, प्राचार्यों और जनगणना विभाग के अधिकारियों के साथ विचार-विमर्श के बाद तैयार किया गया था।
जनगणना 2027 के दूसरे चरण के तहत दिसंबर 2026 से मार्च 2027 के दौरान फील्ड ट्रेनर्स, प्रगणकों और पर्यवेक्षकों का प्रशिक्षण एवं फील्ड कार्य प्रस्तावित है। प्रदेश के स्कूल शिक्षा विभाग में लगभग 2,05,000 शिक्षक कार्यरत हैं।
जनगणना के पहले चरण में 94,660 शिक्षकों की ड्यूटी लगाई गई थी, जिसके बाद लगभग 1,00,000 शिक्षक शेष थे। इसके अतिरिक्त, स्कूल शिक्षा विभाग के अलावा जनजातीय कार्य विभाग की शालाओं में भी लगभग 80,000 शिक्षक कार्यरत हैं।
बोर्ड परीक्षा समिति के निर्णय अनुसार इस बार वर्ष 2027 की बोर्ड परीक्षाओं में पहली बार लगभग 70,000 अतिथि शिक्षकों की भी ड्यूटी परीक्षा पर्यवेक्षण कार्य में लगाई जाएगी। इन्हें जोड़कर बोर्ड के पास कुल 2,50,000 अतिरिक्त शिक्षक उपलब्ध रहेंगे। इस कारण जनगणना कार्य के चलते भी बोर्ड परीक्षाओं में शिक्षकों की कोई कमी नहीं होगी और न ही परीक्षा कार्य प्रभावित होगा।
बोर्ड सचिव बुद्धेश कुमार वैद्य ने समस्त जिला कलेक्टरों और जिला शिक्षा अधिकारियों को पत्र जारी कर स्पष्ट किया है कि जनगणना कार्य में लगे कर्मचारियों को प्रभावित किए बिना बोर्ड परीक्षाएं बिना किसी असुविधा के सुचारू रूप से कराई जाएं।
साथ ही सभी जिलों से इस संबंध में प्रतिवेदन प्राथमिकता के आधार पर 16 अक्टूबर 2026 तक ई-मेल (regconf.mpbse@mp.gov.in) पर भेजने के निर्देश दिए गए हैं।