Santosh Kumar | August 9, 2024 | 04:26 PM IST | 2 mins read
सीजेआई ने कहा कि हम 5 याचिकाकर्ताओं के कहने पर 2 लाख छात्रों का करियर खतरे में नहीं डाल सकते। सीजेआई ने कहा, "सैद्धांतिक तौर पर हम पुनर्निर्धारण नहीं करेंगे क्योंकि इससे 2 लाख छात्र और 4 लाख अभिभावक प्रभावित होंगे।"
Check your admission chances in the MD/MS/DNB courses in the Govt & Private colleges
Use Now
नई दिल्ली: नीट पीजी 2024 परीक्षा स्थगित करने की याचिका पर 9 अगस्त को सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई हुई। कोर्ट ने याचिका को खारिज करते हुए कहा कि अधिकांश छात्रों को कोई परेशानी नहीं हो रही है और केवल 5 उम्मीदवारों के लिए 2 लाख अन्य उम्मीदवारों को नुकसान नहीं पहुंचाया जा सकता। चीफ जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ की अगुवाई में जस्टिस जेबी पारदीवाला और जस्टिस मनोज मिश्रा की बेंच ने याचिका पर विचार करने से इनकार किया।
लाइव लॉ की रिपोर्ट के मुताबिक, पीठ को बताया गया कि 2 लाख से अधिक छात्रों में से केवल 5 ने ही याचिका दायर की है। इस दौरान याचिकाकर्ताओं की ओर से पेश वरिष्ठ वकील संजय हेगड़े ने कहा कि हालांकि, इस मांग का कई छात्रों ने समर्थन किया है और उन्हें करीब 50,000 संदेश मिले हैं।
सीजेआई ने कहा कि हम 5 याचिकाकर्ताओं के कहने पर 2 लाख छात्रों का करियर खतरे में नहीं डाल सकते। सीजेआई ने कहा, "सैद्धांतिक तौर पर हम पुनर्निर्धारण नहीं करेंगे क्योंकि इससे 2 लाख छात्र और 4 लाख अभिभावक प्रभावित होंगे।"
संजय हेगड़े ने सुप्रीम कोर्ट को बताया कि परीक्षा केंद्रों की संख्या 1,200 से घटाकर 500 कर दी गई है। सामान्यीकरण को लेकर याचिकाकर्ताओं की चिंताओं पर मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि सामान्यीकरण एक आदर्श समाधान नहीं हो सकता।
सीजेआई ने कहा कि हमें जटिल समाज में व्यावहारिक समाधान पर ध्यान देना चाहिए। पीठ ने कहा, "फिलहाल परीक्षा को पुनर्निर्धारित करना संभव नहीं है, सभी उम्मीदवार हमारे अपने बच्चे हैं। कोर्ट ने कहा, "आपकी दलील आदर्श समाधानों पर आधारित है, लेकिन हम एक जटिल समाज को देख रहे हैं।"
छात्रों की याचिका में दो मुख्य मुद्दे उठाए गए हैं: पहला, कई नीट पीजी 2024 उम्मीदवारों को ऐसे परीक्षा केंद्र आवंटित किए गए हैं जो उनके लिए असुविधाजनक और दूर हैं। दूसरा, परीक्षा एक ही बैच में आयोजित की जाए न कि दो बैचों में ताकि सभी उम्मीदवारों के लिए निष्पक्ष और समान परीक्षा का माहौल सुनिश्चित हो सके।
बता दें कि नीट पीजी 2024 परीक्षा केंद्रों को लेकर सोशल मीडिया पर छात्रों में काफी गुस्सा है। केरल के कई उम्मीदवारों ने कहा कि उन्हें 1,000 किलोमीटर से अधिक दूर के शहर आवंटित किए गए हैं। छात्रों के अनुसार, इन जगहों के लिए हवाई किराया अधिक है और ट्रेन टिकट उपलब्ध नहीं हैं।"
दिल्ली के अभ्यर्थियों को भी इसी तरह की समस्या का सामना करना पड़ रहा है क्योंकि उनमें से अधिकांश को उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश में परीक्षा केंद्र आवंटित किए गए हैं। हालांकि, इंडियन एक्सप्रेस की एक रिपोर्ट में कहा गया है कि केंद्र सरकार ने तमिलनाडु के अभ्यर्थियों के लिए नए परीक्षा केंद्र आवंटित किए हैं।
नेशनल एग्जामिनेशन बोर्ड (एनबीई) द्वारा 8 अगस्त को नीट पीजी 2024 एडमिट कार्ड जारी दिया गया है। उम्मीदवार आधिकारिक वेबसाइट के माध्यम से एडमिट कार्ड डाउनलोड कर सकते हैं। नीट पीजी 2024 परीक्षा 11 अगस्त को एनबीईएमएस द्वारा आयोजित की जाएगी।