Saurabh Pandey | March 18, 2024 | 07:50 AM IST | 2 mins read
एनटीए इस बार नीट यूजी 2024 परीक्षा 5 मई को आयोजित करेगा। यह परीक्षा देशभर में ऑफलाइन यानी पेन-पेपर मोड में आयोजित की जाएगी। इस बार NTA ने NEET UG 2024 के लिए कुल 568 परीक्षा केंद्रों का चयन किया है।
Predict your MBBS, BDS & AYUSH admission chances with the NEET College Predictor. Get personalized college recommendations based on rank, category & quota.
Try Now
नई दिल्ली : राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) की तरफ से राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा स्नातक (नीट यूजी) 2024 के लिए आवेदन सुधार विंडो आज यानी 18 मार्च को खोली जाएगी। जो उम्मीदवार अपने आवेदन विवरण में संशोधन करना चाहते हैं, वे आधिकारिक वेबसाइट, neet.nta.nic.in पर जाकर अपने आवेदन पत्र में आवश्यक सुधार कर सकते हैं।
NEET UG 2024 ऑनलाइन आवेदन सुधार विंडो 20 मार्च रात 11:50 बजे तक खुली रहेगी। इस समय सीमा के बाद सुधार का कोई और अवसर नहीं किया जाएगा। आधिकारिक दिशानिर्देशों के अनुसार, उम्मीदवारों को सुधार के लिए क्रेडिट/डेबिट कार्ड, नेट बैंकिंग या यूपीआई के माध्यम से देय कोई भी अतिरिक्त शुल्क नहीं देना होगा।
उम्मीदवार अपने नीट यूजी आवेदन पत्र में पंजीकृत ईमेल, मोबाइल नंबर और आधार वेरीफिकेशन को छोड़कर किसी भी फील्ड को संशोधित कर सकते हैं। फाइनल करेक्शन किसी भी लागू अतिरिक्त शुल्क का भुगतान करने के बाद ही किया जा सकता है।
एनटीए इस बार नीट यूजी 2024 परीक्षा 5 मई को आयोजित करेगा। यह परीक्षा देशभर में ऑफलाइन यानी पेन-पेपर मोड में आयोजित की जाएगी। इस बार NTA ने NEET UG 2024 के लिए कुल 568 परीक्षा केंद्रों का चयन किया है।
राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) की तरफ से नीट यूजी 2024 के लिए टाई-ब्रेकिंग नियमों में बदलाव किया गया है। एनटीए द्वारा संशोधित नियमों के अनुसार कंप्यूटर आधारित ड्रा योजना को समाप्त कर दिया गया है। इसके स्थान पर अब सही और गलत उत्तरों की संख्या के आधार पर रैंक आवंटित करने का नियम लागू किया जाएगा।
नेशनल मेडिकल कमीशन ने पिछले साल ग्रेजुएट मेडिकल एजुकेशन रेगुलेशन 2023 के अनुसार नए टाई-ब्रेकिंग नियम की घोषणा की थी। जिसके अनुसार टाई-ब्रेकिंग के लिए उम्मीदवारों की 'इंटर-से-मेरिट' तय करने के लिए जीव विज्ञान, रसायन विज्ञान और भौतिकी क्रम में प्राप्त अंकों पर विचार किया जाता था। यदि टाई अभी भी बनी रहती है, तो कंप्यूटर या आईटी का उपयोग करके 'ड्रा' निकाला जाता था।