Press Trust of India | April 30, 2025 | 06:36 PM IST | 2 mins read
उच्च न्यायालय की एक खंडपीठ ने 23 अप्रैल के अपने आदेश में उम्मीदवारों की कुछ आपत्तियों को स्वीकार कर लिया, जबकि उनमें से कुछ को खारिज कर दिया।
Download CLAT 2027 sample paper PDF with the latest exam pattern. Practice descriptive questions, improve accuracy, and strengthen your preparation for the upcoming CLAT exam.
Download Ebook
नई दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली उच्च न्यायालय के उस फैसले को चुनौती देने वाली याचिका पर सुनवाई के लिए बुधवार को सहमत हो गया जिसमें राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालयों के संघ (कंसोर्टियम) को अंकतालिकाओं में संशोधन करने और क्लैट यूजी-2025 के चयनित अभ्यर्थियों की अंतिम सूची चार सप्ताह के भीतर पुनः प्रकाशित करने का निर्देश दिया गया था।
New: CLAT 2027 Registration Link | 200 Important Legal Terms | 10 Habits to Crack Exam
Also See: CLAT Committee Report | 50+ Legal Reasoning Passages | Quant | 50+ Idioms
CLAT 2027: 10 Must Have Skills | PYQ's with Solutions | 10 Big Myths | English Vocabulary Words
CLAT 2027: Mock Test | Sample Papers | Current Affairs: April | May | June | July
न्यायमूर्ति बी आर गवई और न्यायमूर्ति ऑगस्टीन जॉर्ज मसीह की पीठ ने याचिका पर संघ और अन्य को नोटिस जारी कर एक सप्ताह के भीतर जवाब मांगा। पीठ ने कहा कि मामले की सुनवाई एक सप्ताह बाद फिर की जाएगी।
राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालयों (एनएलयू) में पांच वर्षीय एलएलबी पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए पिछले वर्ष 1 दिसंबर, 2024 को संयुक्त विधि प्रवेश परीक्षा (क्लैट) का आयोजन किया गया था और परिणाम 7 दिसंबर, 2024 को घोषित किए गए थे। इसके बाद विभिन्न उच्च न्यायालयों में कई याचिकाएं दायर की गईं, जिनमें आरोप लगाया गया कि परीक्षा में कई प्रश्न गलत थे। क्लैट के जरिए देश के राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालयों में स्नातक और स्नातकोत्तर विधि पाठ्यक्रमों में प्रवेश निर्धारित होता है।
उच्चतम न्यायालय (SC) ने 6 फरवरी, 2025 को इस मुद्दे पर सभी याचिकाओं को ‘‘सुसंगत निर्णय’’ के लिए दिल्ली उच्च न्यायालय को स्थानांतरित कर दिया था। उच्च न्यायालय की एक खंडपीठ ने 23 अप्रैल के अपने आदेश में उम्मीदवारों की कुछ आपत्तियों को स्वीकार कर लिया, जबकि उनमें से कुछ को खारिज कर दिया।
उच्च न्यायालय ने कहा, ‘‘हम प्रतिवादी/संघ को अंकतालिका को संशोधित करने और तिथि से चार सप्ताह के भीतर चयनित उम्मीदवारों की अंतिम सूची को पुनः प्रकाशित/पुनः अधिसूचित करने का निर्देश देते हैं।’’ पीठ ने स्पष्ट किया कि संघ को प्रत्येक अपीलकर्ता और याचिकाकर्ता तथा उन अभ्यर्थियों के लिए मूल्यांकन लागू करना चाहिए, जिन्होंने अदालत के विचाराधीन कुछ प्रश्नों का प्रयास किया हो।
अदालत ने कहा कि संघ को उन सभी अभ्यर्थियों के लिए भी मूल्यांकन लागू करना चाहिए जिन्हें विश्लेषण के आधार पर कुछ लाभ दिए जा सकते हैं। इसके परिणामस्वरूप, पीठ ने क्लैट स्नातक-2025 प्रश्नावली में कुछ त्रुटियों की ओर इशारा करने वाली याचिकाओं और अपीलों का निस्तारण कर दिया।