Abhay Pratap Singh | June 25, 2025 | 05:42 PM IST | 2 mins read
सीबीएसई परीक्षा नियंत्रक संयम भारद्वाज ने बताया कि,फीडबैक से पता चला कि 64.4% छात्र एक वर्ष में दो बोर्ड परीक्षाएं कराने के पक्ष में थे।
Explore the best courses after 10th across science, commerce, arts, and vocational streams. Find the right path based on your interests and build a strong career foundation.
Download EBook
नई दिल्ली: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने एनईपी 2020 और सभी हितधारकों के फीडबैक के अनुसार शैक्षणिक वर्ष 2026 से कक्षा 10 की बोर्ड परीक्षाएं साल में दो बार आयोजित करने का निर्णय लिया है। सीबीएसई बोर्ड कक्षा 10वीं परीक्षा का पहला प्रयास मुख्य परीक्षा के रूप में तथा दूसरा प्रयास वैकल्पिक होगा।
CBSE 2026 Class 10 Second Board Exam QP's: Math | Math Std. | English | Science
CBSE 2026 Class 10 Second Board Exam Answer Key: Math | Math Std. | English | Science
सीबीएसई परीक्षा नियंत्रक संयम भारद्वाज ने प्रेस वार्ता में बताया कि, “फीडबैक से पता चला कि 64.4% छात्र एक वर्ष में दो बोर्ड परीक्षाएं कराने के पक्ष में थे, जबकि शिक्षक थोड़े अनिच्छुक थे।” वहीं, सीबीएसई चेयरमैन राहुल सिंह ने कहा, नई नीति का उद्देश्य अधिक लचीलापन, छात्र विकल्प और दो प्रयासों में से बेहतर को मान्यता देना है।
मुख्य परीक्षा में उत्तीर्ण नहीं होने वाले छात्रों को कक्षा 11वीं में प्रोविजनल प्रवेश दिया जाएगा और द्वितीय परीक्षा के परिणाम के आधार पर उनका प्रवेश सुनिश्चित होगा। अधिक जानकारी के लिए सीबीएसई की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर अधिसूचना जांच सकते हैं।
सीबीएसई द्वारा ड्राफ्ट गाइडलाइन जारी होने के बाद प्रिंसिपल और शिक्षकों ने दोगुनी फीस भुगतान को लेकर चिंता जताई है। सीबीएसई बोर्ड ने कहा था कि वह दूसरी परीक्षा के लिए भी फीस लेगा। वहीं, शिक्षकों ने सवाल उठाया कि ईडब्ल्यूएस, एससी और एसटी के छात्र दोगुनी फीस कैसे वहन करेंगे। बता दें, बोर्ड अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि दूसरी परीक्षा वैकल्पिक है और शुल्क केवल उन्हीं छात्रों से लिया जाएगा जो दोबारा परीक्षा देना चाहेंगे।