Press Trust of India | January 16, 2026 | 10:30 PM IST | 1 min read
सचिव भगवती सिंह ने कहा कि यह पाठ्यक्रम राष्ट्रीय शिक्षा नीति के उद्देश्यों के अनुरूप विद्यार्थियों में कौशल विकास, आत्मनिर्भरता और व्यावसायिक दक्षता को प्रोत्साहित करेगा।

प्रयागराज: उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद (यूपी बोर्ड) ने शैक्षणिक सत्र 2026 से नौवीं और 11वी कक्षाओं में व्यावसायिक शिक्षा को अनिवार्य करने की एक महत्वपूर्ण पहल की है। यूपी बोर्ड के सचिव भगवती सिंह ने बताया कि इसी क्रम में विषय समितियों ने आईटी और इससे जुड़े क्षेत्र- इलेक्ट्रॉनिक्स तथा परिधान, सौंदर्य एवं आरोग्य जैसे विषयों का अनुमोदित पाठ्यक्रम सौंपा है।
यूपीएमएसपी सचिव भगवती सिंह ने कहा कि इन सभी ट्रेड के अंतर्गत रोजगार परक पाठ्यक्रम के विकास के लिए विषय-विशेषज्ञों ने कई चरणों में बैठकें कर इस कार्य को सफलतापूर्वक पूरा किया।
उन्होंने बताया कि विशेषज्ञ समिति द्वारा अनुमोदित पाठ्यक्रम में वर्तमान तकनीकी जरूरतों, उद्योग जगत की अपेक्षाओं और विद्यार्थियों की रोजगार क्षमता को केंद्र में रखते हुए व्यवहारिक, कौशल-आधारित और रोजगारोन्मुखी विषय-वस्तु को शामिल किया गया है।
सचिव भगवती सिंह ने कहा कि यह पाठ्यक्रम राष्ट्रीय शिक्षा नीति के उद्देश्यों के अनुरूप विद्यार्थियों में कौशल विकास, आत्मनिर्भरता और व्यावसायिक दक्षता को प्रोत्साहित करेगा।
उन्होंने कहा कि माध्यमिक शिक्षा परिषद का यह कदम विद्यालयी शिक्षा को रोजगार से जोड़ने, विद्यार्थियों को व्यवहारिक ज्ञान प्रदान करने और उन्हें भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करने की दिशा में एक सार्थक प्रयास है।