Press Trust of India | February 16, 2026 | 09:24 AM IST | 1 min read
आप नेता सौरभ भारद्वाज ने आरोप लगाया कि कुछ निजी स्कूल शुल्क संबंधी मुद्दों को लेकर अभिभावकों पर दबाव बना रहे हैं।

नई दिल्ली: दिल्ली के साकेत के एक निजी स्कूल द्वारा कथित रूप से शुल्क बकाया होने के कारण छात्रों को केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) बोर्ड परीक्षा के लिए रोल नंबर जारी नहीं किए जाने के बाद मामले ने तूल पकड़ लिया है। इस मुद्दे को लेकर अभिभावकों की चिंता के बीच आम आदमी पार्टी (आप) और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के बीच राजनीतिक बहस छिड़ गई है।
आप नेता सौरभ भारद्वाज ने आरोप लगाया कि कुछ निजी स्कूल शुल्क संबंधी मुद्दों को लेकर अभिभावकों पर दबाव बना रहे हैं।
उन्होंने चेतावनी दी कि ऐसे महत्वपूर्ण शैक्षणिक समय में छात्रों को असुविधा नहीं होनी चाहिए। सौरभ ने दिल्ली सरकार से आग्रह किया कि सभी पात्र छात्रों को समय पर रोल नंबर उपलब्ध कराए जाएं ताकि वे परीक्षाओं में बैठ सकें। स्कूल प्रबंधन की ओर से तत्काल कोई प्रतिक्रिया उपलब्ध नहीं हो सकी।
भाजपा की दिल्ली इकाई के अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने एक बयान में कहा कि यह मामला कोविड-19 के समय से जुड़ा है और अभिभावकों के एक वर्ग तथा स्कूल प्रबंधन के बीच कई वर्षों से अदालत में लंबित है। उन्होंने दावा किया कि इस मुद्दे का वर्तमान भाजपा सरकार से कोई संबंध नहीं है।
सचदेवा ने यह भी कहा कि पिछले वर्षों में राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग के हस्तक्षेप के बाद ही रोल नंबर जारी किए गए थे। उन्होंने कहा कि दिल्ली सरकार का नया शिक्षा कानून इतना सख्त है कि कोई भी निजी स्कूल सीबीएसई के उम्मीदवारों के रोल नंबर रोक नहीं सकता।