Press Trust of India | April 28, 2025 | 05:59 PM IST | 2 mins read
प्रशासनिक और सुरक्षा तैयारियों की समीक्षा के साथ शिक्षा मंत्रालय यह सुनिश्चित कर रहा है कि नीट-यूजी परीक्षा में किसी तरह की गड़बड़ी न हो।
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नई दिल्ली: शिक्षा मंत्रालय ने 4 मई को होने वाली राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट-यूजी) 2025 को निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से आयोजित करने के लिए कमर कस ली है। इस दिशा में मंत्रालय देश के सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के जिलाधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों के साथ लगातार बैठकें कर रहा है। इस साल यह परीक्षा 550 से अधिक शहरों और 5,000 से अधिक केंद्रों पर आयोजित की जाएगी।
प्रशासनिक और सुरक्षा तैयारियों की समीक्षा के साथ शिक्षा मंत्रालय यह सुनिश्चित कर रहा है कि नीट-यूजी परीक्षा में किसी तरह की गड़बड़ी न हो। पिछले साल पेपर लीक जैसी घटनाओं को देखते हुए इस बार सख्त योजना पर काम किया जा रहा है।
इस संबंध में एक सूत्र ने समाचार एजेंसी पीटीआई को बताया, ‘‘नीट यूजी का सुचारू, निष्पक्ष और सुरक्षित संचालन सुनिश्चित करने के लिए सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के जिलाधिकारियों और पुलिस अधीक्षकों के साथ कई बैठकें की गई हैं।
सामग्री के परिवहन, सुरक्षा और जोखिम से निपटने के लिए जिला स्तरीय समन्वय समितियों को पूरी तरह सक्रिय किया जा रहा है। सूत्रों के अनुसार केंद्रों पर एनटीए द्वारा निर्धारित सुरक्षा उपायों के साथ ही जिला पुलिस कई स्तरों पर तलाशी भी लेगी।
नीट यूजी प्रश्नपत्रों और ओएमआर शीट जैसी गोपनीय सामग्री का परिवहन कड़ी पुलिस सुरक्षा के तहत किया जाएगा। संगठित धोखाधड़ी नेटवर्क को रोकने के लिए कोचिंग सेंटरों और डिजिटल प्लेटफॉर्म पर निगरानी रखी जाएगी।
सभी परीक्षा केंद्रों का अनिवार्य निरीक्षण सुनिश्चित करने के लिए ड्यूटी मजिस्ट्रेट तैनात किए जा रहे हैं। जिला मजिस्ट्रेट और पुलिस अधीक्षक भी व्यक्तिगत रूप से परीक्षा केंद्रों का दौरा करेंगे और तैयारियों पर कड़ी नजर रखेंगे।
पिछले साल नीट-यूजी और नेट परीक्षाओं में अनियमितताओं के बाद केंद्र ने एनटीए द्वारा निष्पक्ष और पारदर्शी परीक्षा सुनिश्चित करने के लिए एक समिति बनाई थी। नीट-यूजी में प्रश्नपत्र लीक समेत कई अनियमितताएं सामने आई थीं।
साथ ही सुचिता से समझौता होने की जानकारी मिलने पर यूजीसी-नेट भी रद्द कर दिया गया। दोनों मामलों की जांच सीबीआई कर रही है। एहतियात के तौर पर आखिरी समय में सीएसआईआर-यूजीसी नेट और नीट-पीजी भी रद्द कर दिया गया।
अधिकारियों ने बताया कि इस पहल का उद्देश्य परीक्षा में पारदर्शिता बनाए रखना और अनैतिक गतिविधियों को रोकना है। एनटीए ने अभ्यर्थियों को आगाह किया है कि वे झूठे दावे करने वाले जालसाजों के झांसे में न आएं।
Santosh Kumar